आम आदमी पार्टी के मंत्रिमंडल में पहली बार उप मुख्यमंत्री का पद बनाए जाने की योजना के पीछे पार्टी की मंशा दिल्ली में मिली जबरदस्त कामयाबी को देश भर में भुनाने की है। केजरीवाल ने इस मंत्रिमंडल में जातीय समीकरण के अलावा पुराने साथियों का भी ख्याल रखा है।
हालांकि सिख चेहरा इस मंत्रिमंडल में नहीं है, लेकिन सूत्र बताते हैं कि संसदीय सचिव के रूप में एक सिख नेता की ताजपोशी भी जल्द की जाएगी। जबकि डिप्टी स्पीकर पद के लिए महिला को लिया गया है। सूत्रों का कहना है कि मनीष सिसोदिया को उप मुख्यमंत्री बनाने के पीछे पार्टी के रणनीतिकारों की मंशा है कि देश भर में संगठन को ताकत देने के अलावा आगामी विधानसभा चुनावों के अलावा लोकसभा चुनाव मिशन 2020 में अभी से जुटा जाए।
इसलिए पार्टी के सबसे बड़े स्टार प्रचारक अरविंद केजरीवाल के पास पर्याप्त समय होना चाहिए। मुख्यमंत्री की जिम्मेदारी रहते हुए उन्हें समय निकालने में दिक्कत रहेगी। ऐेसे में मनीष सिसोदिया को उप मुख्यमंत्री बनाने का फैसला लिया, ताकि केजरीवाल को समय-समय पर बाहर निकलने का मौका मिल सके। हालांकि यह रणनीति स्वयं केजरीवाल की बताई जाती है लेकिन इसपर सभी सदस्यों की मोहर लग गई हैं।