लाइनपार क्षेत्र में जीडीए पहली बार हाईराइज टावरों वाली हाउसिंग स्कीम लाएगा। जीडीए ने प्रताप विहार में अफोर्डेबल फ्लैट वाले हाउसिंग प्रोजेक्ट की डिजाइन पर काम शुरू कर दिया है।
जीडीए अधिकारी यहां 20 से 21 मंजिला टावर बनाने की प्लानिंग कर रहे हैं। निर्माणाधीन एनएच-24 टू 58 लिंक रोड और रेलवे लाइन के बगल में स्थित चार ग्रुप हाउसिंग प्लाट पर स्कीम लाई जाएगी।
स्कीम में टू और थ्री बीएचके वाले फ्लैट बनेंगे। हालांकि अभी एस्टिमेट नहीं बना है, फिर भी आकलन लगाया जा रहा है कि फ्लैटों की कीमतें 35 से 55 लाख के बीच हो सकती हैं।
जीडीए को प्रताप विहार में करीब 40 हजार वर्गमीटर जमीन खाली मिली है। इस जमीन पर पहले जीडीए अधिकारियों ने समाजवादी आवास योजना लांच करने की तैयारी की थी।
समाजवादी योजना के अंतर्गत फ्लैटों की कीमत अधिकतम 30 लाख रुपये तक हो सकती है। प्रताप विहार में सर्किल रेट के लिहाज से लैंड कास्ट और कंस्ट्रक्शन कास्ट इस श्रेणी के फ्लैटों के लिहाज से अधिक बैठ रही थी।
इसलिए यह फैसला बदला गया। जीडीए सीएटीपी इश्तियाक अहमद ने बताया कि योजना के फ्लैटों की डिजाइनिंग की प्रक्रिया जारी है।
हाउसिंग स्कीम में 20 से 21 मंजिला टावर में दो और तीन बीएचके श्रेणी के फ्लैट बनाए जाएंगे। जल्द ही डिजाइन और एस्टिमेट फाइनल किया जाएगा।
हॉट केक साबित होगी स्कीम
स्कीम के लिए चयनित जमीन और ईको पार्क के बीच सिर्फ रेलवे लाइन का अंतर है। मेरठ तिराहे पर नया बस अड्डा मेट्रो स्टेशन बन रहा है। इसी प्रकार स्कीम से एनएच-24 से दूरी महज डेढ़ से दो किलोमीटर होगी।
ग्रेटर नोएडा, नोएडा, दिल्ली आदि में कार्यरत लोगों के लिए रिहायश का बेहतर विकल्प बनने के कारण अधिकारी इस स्कीम को हॉट केक मान रहे हैं।
सस्ते आशियाने का मौका फिर
गाजियाबाद में सस्ता आशियाना बनाने का सपना देख रहे लोगों के लिए अच्छी खबर है। आवास विकास परिषद ने एक बार फिर मंडोला विहार योजना में समाजवादी आवास योजना लांच कर दी है।
समाजवादी योजना के अंतर्गत गरीब और मध्यम वर्ग के लोगों को अपना आशियाना मिल सकेगा। परिषद ने योजना का रजिस्ट्रेशन खोल दिया है। परिषद ने जुलाई 2015 में योजना के करीब चार हजार फ्लैट लांच किए थे।
तब योजना का अच्छा रिस्पांस परिषद को नहीं मिला था। परिषद ने 26 जनवरी से एक बार फिर योजना के रजिस्ट्रेशन खोल दिए हैं।
योजना में करीब 2400 टू बीएचके और 1200 वन बीएचके फ्लैटों के लिए आवेदन किया जा सकता है। आवास आयुक्त मोहम्मद शाहबुद्दीन ने बताया कि योजना में अगले एक माह तक आवेदन किए जा सकते हैं।
10 से 15 लाख के होंगे फ्लैट
फ्लैट को निम्न और मध्य आय वर्ग की पहुंच में रखने के लिए इनकी कीमत 10 से 15 लाख रुपये के बीच रखी गई है। वन बीएचके फ्लैटों की कीमत करीब 10 लाख और टू बीएचएके की कीमत 14-15 लाख रुपये है।
शालीमार गार्डन से दिल्ली बॉर्डर जाना होगा आसान
शालीमार गार्डन से अब दिल्ली बॉर्डर जाना आसान होगा। शालीमार गार्डन को दिल्ली सीमा को जोड़ने वाली सड़क का निर्माण नगर निगम ने शुरू कर दिया है। मार्च में सड़क का काम पूरा कर लिया जाएगा।
कई सालों से लोग इस टूटी सड़क की समस्या से जूझ रहे थे। शालीमार गार्डन से शहीद नगर होते हुए दिल्ली सीमा पर जाने वाली सड़क कई सालों से टूटी हुई थी। शिकायतों के बाद नगर निगम ने इस सड़क का प्रस्ताव तैयार किया था, जिससे मंजूरी मिल गई है।
इसके बाद नगर निगम ने सड़क निर्माण से पहले दोनों तरफ नाले निर्माण का काम किया है। सबसे पहले पूरी सड़क पर बजरी और मिट्टी बिछाई जा रही है।
इसको समतल करने के बाद इस पर तारकोल डालकर सड़क निर्माण का काम किया जाएगा। अधिकारियों की अनुसार सर्दी कम होने के बाद इस पर तारकोल डालकर सड़क बनाई जाएगी। मार्च में यह काम किया जाएगा।
अवर अभियंता संजय गंगवार ने बताया कि करीब एक करोड़ 37 लाख रुपये की लागत से काम किया जा रहा है। मार्च में सड़क निर्माण का काम पूरा हो जाएगा।