जनकपुरी हादसा....
- मुख्य ठेकेदार कंपनी केके स्पन इंडिया लिमिटेड के हिमांशु गुप्ता और कविश गुप्ता के खिलाफ गैर-जमानती वारंट (एनबीडब्ल्यू) किए गए हैं जारी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। जनकपुरी हादसे को चार दिन से अधिक हो गए हैं, लेकिन इस मामले में पुलिस अभी तक मुख्य ठेकेदारों तक नहीं पहुंच सकी है। सोमवार को कोर्ट ने मुख्य ठेकेदार कंपनी केके स्पन इंडिया लिमीटेड से जुड़े हिमांशु गुप्ता और कविश गुप्ता के खिलाफ गैर-जमानती वारंट (एनबीडब्ल्यू) जारी कर दिए हैं। पुलिस के अनुसार, नोटिस जारी किए जाने के बावजूद दोनों आरोपी न तो जांच में शामिल हो रहे थे और न ही अदालत में पेश हुए। उसके बाद कोर्ट ने उनकी गिरफ्तारी का आदेश दिया है।
पुलिस ने अदालत को बताया कि आरोपियों को जांच में शामिल होने के लिए नोटिस भेजे गए थे, लेकिन उन्होंने न तो जवाब दिया न ही अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। सुनवाई के दौरान भी दोनों की गैरमौजूदगी दर्ज की गई। फिलहाल पुलिस इस मामले में दोनों आरोपियों गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है। पुलिस का कहना है कि जनकपुरी बी-ब्लॉक के प्रो. जोगिंदर सिंह मार्ग पर डाबरी की ओर जाने वाली लेन में सीवर प्रोजेक्ट का कार्य केके स्पन इंडिया लिमिटेड को दिया गया था। इस प्रोजेक्ट में सुरक्षा मानकों की अनदेखी के आरोप है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि गैर-जमानती वारंट जारी होने के बाद अब मुख्य ठेकेदार कंपनी से जुड़े आरोपियों की गिरफ्तारी को प्राथमिकता में लिया गया है। उनकी भूमिका, साइट पर मौजूदगी और सुरक्षा इंतजामों से जुड़े फैसलों की जांच की जा रही है।
उप ठेकेदार के कहने पर नहीं दी जानकारी
उपठेकेदार राजेश के मजदूर योगेश ने बताया कि घटना की जानकारी हाेने पर उसने सबसे पहले राजेश को फोन कर बताया। राजेश मौके पर आया और कहा कि इसकी जानकारी किसी को नहीं देनी है। इस पर योगेश ने घटना की जानकारी न तो पुलिस को दी न ही मृतक कमल के परिजनों को मौके पर दी। बताया जा रहा है कि योगेश ने कमल के परिजनों को कहा कि यहां पर कोई हादसा ही नहीं हुआ है। पुलिस अधिकारी ने बताया कि 23 वर्षीय मजदूर योगेश को कोर्ट ने 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।
जल बोर्ड के अधिकारियों से जल्द होगी पूछताछ
पुलिस अधिकारी ने बताया कि इस हादसे को लेकर दिल्ली जल बोर्ड के अधिकारियों से पूछताछ की तैयारी चल रही है। फिलहाल पता लगाया जा रहा है कि इस काम को लेकर कितने अधिकारी जुड़े थे। उनकी भूमिका क्या थी।