यूपी पुलिस भर्ती परीक्षा के बाद रेलवे स्टेशन उमड़ी अभ्यर्थियों की भीड़ के आगे सभी इंतजाम ध्वस्त नजर आए। गाजियाबाद में ज्यादातर अभ्यर्थी आगरा के रहे, लेकिन गाजियाबाद से आगरा के लिए ट्रेन न होने की वजह से स्टेशन पर अफरातफरी मच गई।
इटावा, मैनपुरी, फिरोजाबाद, शिकोहाबाद के अभ्यर्थियों को घर लौटने के लिए ट्रेनों में जगह न मिली तो अभ्यर्थियों ने रिजर्वेशन कोच में कब्जा जमा लिया।
भीड़ की वजह से कई आम यात्रियों को ट्रेन में चढ़ने का मौका न मिल सका और उनकी ट्रेन छूट गई। भीड़ को नियंत्रित करने में आरपीएफ, जीआरपी के साथ-साथ सिविल पुलिस को मशक्कत करनी पड़ी।
दोपहर दो बजे परीक्षा खत्म होने के बाद एक साथ करीब पांच हजार अभ्यर्थियों के स्टेशन पर पहुंचने से सुरक्षा बलों के भी हाथ पांव फूल गए। पौने चार बजे प्लेटफार्म नंबर-2 पर सीतामढ़ी जाने वाली लिच्छवी एक्सप्रेस पहुंची तो अभ्यर्थियों की भीड़ जनरल कोच के साथ-साथ रिजर्वेशन कोच में भी चढ़ गई।
आगरा जाने के लिए ट्रेन न मिली तो परीक्षा देकर लौटे परीक्षार्थी 4:05 बजे मथुरा जाने वाली ईएमयू ट्रेन में सवार हो गए। शाम पांच से छह बजे के बीच अलीगढ़ की ओर जाने वाली ईएमयू ट्रेनों में जबरदस्त भीड़ रही। गोमती एक्सप्रेस में भी अभ्यर्थियों ने कब्जा जमा लिया। रात आठ बजे तक स्टेशन पर यात्रियों की भीड़ रही।
छूट गई ट्रेन
खोड़ा में रहने वाले रमेश पत्नी शारदा के साथ सीतामढ़ी जाने के लिए स्टेशन पर पहुंचे। लिच्छवी एक्सप्रेस के एस-6 कोच में उनका रिजर्वेशन था, लेकिन भीड़ इतनी थी कि उन्हें ट्रेन में चढ़ने का मौका ही नहीं मिल पाया। धक्कामुक्की में उनकी ट्रेन छूट गई। रमेश ने बताया कि अब वह दो दिन बाद सीतामढ़ी जाएंगे।
बिना टिकट किया सफर
रेलवे स्टेशन पर महज दो बुकिंग काउंटर खुले थे। इन काउंटर भी लंबी लाइनें लगी थीं। एवीटीएम मशीनें भी खराब थीं। ऐसे में अधिकांश अभ्यर्थियों ने टिकट ही नहीं खरीदे। बिना टिकट ही उन्होंने ट्रेनों से सफर किया।