18 मार्च 2009 को कब-कब जिगिशा का क्रेडिट कार्ड यूज हुआ
- सुबह 5.12 बजे- महिपालपुर में जिगिशा के कार्ड से एटीएम से 20 हजार रुपये निकाले गए।
- सुबह 6.24 बजे- साकेत स्थित एटीएम से 5 हजार रुपये निकाले गए।
- सुबह 11.54 बजे-सरोजनी मार्केट से चश्मे खरीदे गए।
- दोपहर 1.19 बजे- 14500 रुपये की कीमत के जूते खरीदे गए।
- दोपहर 1.20 बजे- 36 हजार रुपये की कीमत की घड़ी सरोजनी नगर मार्केट से खरीदी गई।
18 मार्च
- तड़के 3.45 बजे- जिगिशा ने ऑफिस छोड़ा और अपनी मां को फोन किया। फोन पर उसने मां को ब्रेकफास्ट तैयार करने के लिए कहा।
- तड़के 4.00 बजे- रास्ते में उसके पास सहयोगी का फोन आया। दोनों की करीब आधा घंटे बात हुई थी।
- सुबह 4.30 बजे- ऑफिस की कैब ने उसे कॉलोनी के बाहर छोड़ा।
- सुबह 4.31- कुछ लोगों ने उसका अपहरण किया और महिपालपुर की तरफ ले गए। इस दौरान जिगिशा को धमकाकर कार्ड का पासवर्ड पूछा।
19 मार्च- जिगिशा के पिता ने वसंत विहार पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई।
20 मार्च- जिगिसा का शव बडकल लेक के पास सूरजकुंड की पहाडियों में मिला था।
जिगिशा के साथ जानवरों जैसा व्यवहार किया था
दिल्ली पुलिस अधिकारियों के अनुसार जिगिशा घोष वसंत विहार में एयर इंडिया कॉलोनी के पास रहती थी। कैब से उतरने के बाद वह कॉलोनी में अंदर जाने के बजाय गेट पर ही मोबाइल पर बात करने लग गई। इस दौरान आरोपियों ने जिगिशा को उठाकर कार में डाल लिया था। आरोपी वीपीओ कर्मी को महिपालपुर ले गए। यहां उसे एटीएम से पैसे निकालने के बाद जिगिशा को दोनों सीट के बीच डाल कर लिया दिया था और सभी उसके ऊपर पैर रखकर बैठ गए थे। जिगिशा दर्द से कराहती रही, मगर बदमाशों को तरस नहीं आया। वह उसे फरीदाबाद में बड़कल लेक के पास ले गए और उसकी गला दबाकर हत्या कर दी। शव को वहीं फेंक दिया था।