शहर में बढ़ता अपराध पुलिस के लिए परेशानी बन गया है। अनेक ब्लाइंड केस ऐसे हैं, जो पुलिस के लिए चुनौती बन गए हैं। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच तो शुरू कर दी है, लेकिन पुलिस आज तक अपराधियों तक नहीं पहुंच पाई है। हत्या का मामला हो या महिला के साथ छेड़छाड़ व अपहरण के प्रयास का मामला हो। इन केसों में अपराधियों का पुलिस को सुराग नहीं लगा है। ऐसे में पुलिस की कार्य प्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।
यह मामले हैं अभी भी अनसुलझे
-29 अगस्त को पटौदी में एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या का मामला पहला ऐसा मामला नहीं है जिसमें पुलिस आरोपियों का सुराग नहीं लगा पाई है। पुलिस ने मामले में संबंधित थाना पुलिस सहित एसआईटी का गठन कर टीम लगाई हुई है, लेकिन पुलिस के हत्थे कोई सुराग नहीं है।
-01 अगस्त को पुराना रेलवे रोड पर हथियारबंद बदमाशों ने धावा बोल दिया था। यहां महिला कर्मी के हौंसलों के चलते बदमाशों की डकैती की योजना विफल हो गई थी। योजना विफल होने से गुस्साए बदमाशों ने महिलाकर्मी पर गोली भी चलाई थी। यह पूरी वारदात सीसीटीवी कैमरे में कैद होने के बाद भी पुलिस को आरोपियों का कोई सुराग नहीं लगा। हालांकि पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज में आरोपियों के चेहरे साफ दिखाई देने का दावा भी किया था।