देश विरोधी नारे लगाने के मुख्य आरोपी उमर खालिद को लेकर दिल्ली पुलिस बार-बार जेएनयू प्रशासन को आगाह करती रही है। मगर विश्वविद्यालय प्रशासन ने पुलिस की सलाह पर ध्यान नहीं दिया।
दिल्ली पुलिस की स्पेशल ब्रांच ने जो रिपोर्ट तैयार की है, उससे यह खुलासा हुआ है। दूसरी तरफ ये सवाल खड़ा होता है कि आखिर दिल्ली पुलिस मुख्य आरोपी उमर खालिद को क्यों गिरफ्तार नहीं कर पा रही है।
साथ ही वे कश्मीरी युवक कौन हैं, जो जेएनयू में आयोजित देशविरोधी नारे लगाने वाले कार्यक्रम में शामिल थे।
(फोटो साभारः एबीपी न्यूज)
स्पेशल ब्रांच के जवान सादी वर्दी में जेएनयू पर नजर रखते हैं
स्पेशल ब्रांच ने जो रिपोर्ट तैयार की है, उसमें कहा गया है कि उमर खालिद डेमोक्रेटिक स्टूडेंट यूनियन से ताल्लुक रखता है। स्पेशल ब्रांच के जवान सादी वर्दी में जेएनयू पर नजर रखते हैं।
6 अक्तूबर 2015 को स्पेशल ब्रांच के एक एसीपी तत्कालीन जेएनयू वीसी सुधीर कुमार से मिले थे। उनसे सीसीटीवी कैमरों के अलावा कुछ छात्र संगठनों द्वारा देशविरोधी गतिविधियों में भाग लेने के बारे में बात की गई थी।
स्पेशल ब्रांच ने 12 नवंबर 2015 को भी एक रिपोर्ट तैयार की थी।
दो छात्र संगठन देशविरोधी गतिविधियां कर रहे हैं
इस रिपोर्ट में कहा गया था कि दो छात्र संगठन देशविरोधी गतिविधियां कर रहे हैं। इन संगठनों द्वारा अफजल गुरु के समर्थन में कार्यक्रम भी आयोजित किया गया।
इसके अलावा वर्ष 2010 में दंतेवाड़ा, छत्तीसगढ़ में सीआरपीएफ के जवानों के शहीद होने पर उमर खालिद के नेतृत्व में खुशी का इजहार किया गया था।
दक्षिण जिला पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बाकी आरोपियों की तलाश के लिए छापेमारी की जा रही है।