इलाके में बढ़ रही अतिक्रमण की समस्या पर एनजीटी ने एसएसपी से जवाब मांगा है। बुधवार को कारवां की ओर से दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए एनजीटी ने कौशांबी में अतिक्रमण को लेकर एसएसपी को 11 जनवरी तक जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है।
कारवां के अध्यक्ष विनय कुमार मित्तल ने बताया कि 2012 में यूपी सरकार ने आदेश जारी किया गया था कि नगर निगम या कोई विभाग किसी इलाके में अतिक्रमण हटाता है और उसके बाद दोबारा इलाके में फिर से अतिक्रमण हो जाता है तो इसकी जिम्मेदारी पुलिस की होगी।
इसी के आधार कारवां और नगर निगम की ओर से एनजीटी में शिकायत दी गई थी। इसके बाद एनजीटी की ओर से जिले के एसएसपी से जवाब मांगा गया है।
हटाया जा सकता है कौशांबी डिपो
एनजीटी ने यूपी रोडवेज और डीटीसी को भी प्रदूषण पर नियंत्रण करने के संबंध में जनवरी तक रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया है।
कौशांबी बस डिपो आनंद विहार बस अड्डा से सटा हुआ है। दिनभर वाहनों की आवाजाही की वजह से लोगों को प्रदूषण से जूझना पड़ता है।
कारवां के अध्यक्ष विनय मित्तल का कहना है कि दिल्ली पोल्यूशन कंट्रोल कमेटी के वकील ने बताया कि यूपी सरकार को कौशांबी डिपो हटाने को कहा गया है। जिससे प्रदूषण पर नियंत्रण हो।