दोनों आरोपियों ने नासिर की हत्या की योजना बनाई और दस जनवरी की रात लगभग आठ बजे नासिर को कलियर शरीफ जाने का बहाना बनाकर आरोपी आमिर की कार में बिठा लिया। आमिर ने अपनी स्कूटी से पेट्रोल निकालकर पहले ही अपनी कार में रख लिया था। इसके बाद छिजारसी टोल के पास जैसे ही गाड़ी पहुंची तो नासिर के सिर में गोली मारकर उसकी हत्या कर दी।
नासिर हत्याकांड का खुलासा करते पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। कलियर शरीफ जाने का बहाना बनाकर दोनों ने नासिर को कार में बैठाया था और छिजारसी टोल के पास नासिर के सिर में गोली मारकर उसकी हत्या कर दी थी। इसके बाद सिंभावली के पास हाईवे किनारे उसके शव को पेट्रोल से जलकर फेंक दिया। आरोपियों के पास से घटना में प्रयुक्त कार व दो तमंचे व कारतूस बरामद किए हैं।
विज्ञापन
एसपी ज्ञानंजय सिंह ने बताया कि थाना सिंभावली प्रभारी श्योपाल सिंह व स्वॉट प्रभारी पटनीश कुमार की टीम ने आमिर निवासी मोहल्ला कर्दमपुरी थाना ज्योतिनगर दिल्ली व फुरकान निवासी प्रथम लोर निकट मॉडल स्कूल के पास कबीरनगर दिल्ली को एनएच-9 स्थित निर्माणाधीन गंगा एक्सप्रेस पुल के नीचे से गिरफ्तार किया है। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि मृतक नासिर ने आरोपी फुरकान के भाई इरफान को तीन करोड़ रुपये की फिरौती में थाना लोधी स्पेशल सेल दिल्ली से जेल भिजवाया था और आरोपी आमिर के पीछे पुलिस लगाई थी। पुलिस के डर से आरोपी आमिर घर से फरार हो गया था, जिसके कारण उसका कपड़े का कारोबार ठप भी हो गया था।
इसके चलते दोनों आरोपियों ने नासिर की हत्या की योजना बनाई और दस जनवरी की रात लगभग आठ बजे नासिर को कलियर शरीफ जाने का बहाना बनाकर आरोपी आमिर की कार में बिठा लिया। आमिर ने अपनी स्कूटी से पेट्रोल निकालकर पहले ही अपनी कार में रख लिया था। इसके बाद छिजारसी टोल के पास जैसे ही गाड़ी पहुंची तो नासिर के सिर में गोली मारकर उसकी हत्या कर दी। एसपी ने बताया कि जांच में पता चला है कि मृतक नासिर गैंगस्टर हाशिम उर्फ बाबा व राशिद के भी संपर्क में था, जिसके संबंध में छानबीन की जा रही है। एसपी ने नासिर हत्याकांड का खुलासा करने वाली टीम को 20 हजार रुपये के पुरस्कार की घोषणा की।
विज्ञापन
बदांयू से 3500 रुपये में खरीदा था नासिर की हत्या में प्रयुक्त तमंचा
दिल्ली के कपड़ा कारोबारी नासिर की हत्या में प्रयुक्त किया गया तमंचा आरोपी आमिर ने बदायूं से खरीदा था। उसने ही नासिर को पीछे से सिर में गोली मार कर हत्या कर दी थी। इतना ही नहीं हत्याकांड के बाद दोनों ही आरोपी मृतक के परिजनों समेत थाना वेलकम पुलिस की गतिविधि पर भी नजर रख रहे थे। पूछताछ में आमिर ने बताया कि उसने हत्याकांड में इस्तेमाल किया गया तमंचा बदांयू के सहसवान निवासी युवक से 3500 रुपये में खरीदा था। उस तमंचे से ही उसने घटना को अंजाम दिया।
विदेश में बैठे अपराधियों से धमकी दिलाने लगा था नासिर
आमिर और फुरकान ने बताया कि नासिर की बड़े अपराधियों के साथ साठगांठ थी। पुलिस से भी उसकी अच्छी उठ बैठ थी। इसी का फायदा उठाकर नासिर उन्हें विदेश में बैठे हिस्ट्रीशीटर बदमाशों से भी धमकी दिलाने लगा था। वह पुलिस की बड़े स्तर पर मुखबिरी करने लगा था। अपनों को ही फंसाने के चक्कर में वह आरोपियों पर निशाने पर था।