द्वारका में विमान हादसे में इंस्पेक्टर राघवेंद्र की मौत के बाद उनके वसुंधरा सेक्टर-9 स्थित आवास पर माहौल गमगीन रहा। मौत की खबर आते ही पत्नी, बेटी और बहू के आंसू नहीं थम रहे।
उन्होंने सोचा भी नहीं था कि सुबह घर से निकले राघवेंद्र अब कभी नहीं लौटेंगे। राघवेंद्र का शव बुधवार को घर पहुंचेगा। बीएसएफ में इंस्पेक्टर के पद पर तैनात मूलरूप से कानपुर निवासी राघवेंद्र कुमार यहां पत्नी रामश्री, ग्यारहवीं की छात्रा बेटी निधि, बेटे रोहित और बहू के साथ रहते थे।
उनका एक बेटा मोहित पुणे में नौकरी करता है। पत्नी रामश्री के अनुसार विशेष अभियान में जाने की बात कहकर वह सुबह करीब साढ़े पांच बजे घर से निकले थे।