जमीन का मुआवजा दिए जाने के लिए पांच लाख की रिश्वत लेते हुए रंगेहाथ
गिरफ्तार किए गए यूपी के पीसीएस अधिकारी अशोक कुमार लाल को सीबीआई ने
सोमवार दोपहर विशेष न्यायाधीश एके गुप्ता की कोर्ट में पेश किया।
सीबीआई ने
आरोपी से सघन पूछताछ के लिए कोर्ट से 6 दिनों का कस्टडी रिमांड मांगा।
कोर्ट ने तीन दिन का रिमांड मंजूर किया है। आरोपी अशोक कुमार लाल 2005 में
मोदीनगर एसडीएम और इससे पूर्व मोदीनगर में ही तहसीलदार के पद पर रह चुके
हैं।
सीबीआई के वरिष्ठ लोक अभियोजक बीके सिंह ने बताया
कि पीसीएस अधिकारी अशोक कुमार लाल इन दिनों गैस अथॉरिटी ऑफ इंडिया (गेल)
में प्रतिनियुक्ति पर हैं।
मामला बागपत जिले के नीरपुड़ा गांव की जमीन के
मुआवजे से संबंधित है। नीरपुड़ा में रहने वाले जगपाल और रोबिन राणा की जमीन
गेल ने अधिग्रहीत की थी।
इसकी मुआवजा राशि
जारी करने को गेल में रिवेन्यू मैटर देखने वाले अशोक कुमार लाल ने रकम
जारी करने की एवज में पांच लाख रुपयों की मांग की थी।
रकम लेकर आरोपी ने
वादी को नोएडा स्थित अपने आवास पर बुलाया था। नगदी लेते ही सीबीआई ने उसे
रंगे हाथों दबोच लिया।
लोक अभियोजक ने बताया कि सर्च अभियान के दौरान
सीबीआई को आरोपी के घर से 19 लाख की नगदी और बड़ी संख्या में प्रापर्टी
संबंधी कागजात मिले हैं।
गेल ने झाड़ा पल्लागेल
ने उनसे पल्ला झाड़ लिया है। गेल के स्पीकर ज्योति कुमार ने सोमवार शाम
मेल जारी कर स्पष्ट किया कि अशोक कुमार लाल गेल के इंप्लाई
नहीं हैं, बल्कि वह यूपी पीसीएस अधिकारी हैं। गेल में वह 3 जून 2013
से प्रतिनियुक्ति पर तैनात हुए थे।
करोड़ों के मंसूबों पर फिरा पानीकरोड़ों कमाने की फिराक में लगे पीसीएस अधिकारी अशोक कुमार लाल के मंसूबों
पर सीबीआई ने पानी फेर दिया। भारत सरकार ने उन्हें को गेल की सभी पाइपलाइन
के काम के लिए उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा और दिल्ली का सक्षम
अधिकारी बनाया था।
सूत्रों के मुताबिक, जिस
ठेकेदार को लाभ पहुंचाने के बदले अशोक अपने घर पर रविवार शाम को रुपये
लेते गिरफ्तार किए गए, वह उसको चारों राज्यों में पाइपलाइन बिछाने का ठेका
देने की फिराक में थे।
एक ही ठेकेदार से वह एकमुश्त रिश्वत वसूल कर भारत
सरकार को चूना लगाने की जुगत में थे। उन्होंने सेफ गेम खेलने का मास्टर
प्लॉन तैयार किया था। सभी ठेकों के टेंडर आदि उन्हीं के पास से होकर गुजरने
थे। कयास लगाया जा रहा है कि आरोपी के बैंक खातों को भी खंगाला जा सकता
है।
रविवार शाम को सीबीआई ने सेक्टर-41 के
ए-ब्लॉक में ए-156 स्थित पीसीएस अधिकारी अशोक कुमार लाल के घर छापेमारी की
थी। सीबीआई कई दिन से उन पर नजर रखे हुई थी।
उस समय अशोक ड्राइंग रूम में
एक लाख रुपये की रकम मुआवजा दिलाने के बदले में एक शख्स से ले रहे थे। उसी
दौरान सीबीआई ने उन्हें रंगे हाथों दबोच लिया।