दिल्ली की एक अदालत ने मंगलवार को 2जी स्पैक्ट्रम आवंटन घोटाले से जुड़े मनी लांड्रिंग रोधक कानून (पीएमएलए) मामले में आरोपी पूर्व संचार मंत्री ए राजा, द्रमुक सांसद कणिमोझी सहित 10 आरोपियों की जमानत अर्जी पर फैसला सुरक्षित रख लिया।
मामले में तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री व द्रमुक प्रमुख एम. करुणानिधि की पत्नी दयालु अम्माल भी आरोपी हैं।
पटियाला हाउस स्थित विशेष न्यायाधीश ओपी सैनी ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) व बचाव पक्ष के तर्क सुनने के बाद कहा कि वे सभी की जमानत पर 6 अगस्त को फैसला सुनाएंगे।
सीबीआई ने हाल ही में राजा, कणिमोझी के अलावा स्वान टेलीकॉम प्राइवेट लिमिटेड (एसटीपीएल) और उसके निदेशक शाहिद उस्मान बलवा व विनोद गोयनका, कुसेगांव फ्रूट्स एंड वेजिटेबल्स प्राइवेट लिमिटेड और उसके निदेशक आसिफ बलवा व राजीव अग्रवाल, फिल्म निर्माता करीम मोरानी, कलेंगनर टीवी व उसके प्रबंध निदेशक शरद कुमार, पी.अमृतथम व दयालु अम्माल के खिलाफ आरोप पत्र दायर किया था।