तीन दिनों की छुट्टी के बाद मंगलवार को सिविल अस्पताल में मरीजों की भीड़ रही। ओपीडी रजिस्ट्रेशन काउंटर पर लंबी लाइन दिखी। बीच-बीच में सर्वर डाउन होने के कारण मरीज आपस में ही जूझते रहे। भीड़ लंबी होने के कारण कई बार लोगों में धक्का-मुक्की की भी नौबत आ गई।
करीब 20 मिनट सर्वर डाउन होने के कारण मरीज अस्पताल प्रबंधक को कोसते दिखे। शनिवार व रविवार के बाद सोमवार को स्वतंत्रता दिवस की वजह से छुट्टी थी। जिससे मंगलवार को मरीजों की भीड़ अधिक रही। दिनभर में 3245 मरीजों को इलाज दिया गया।
मंगलवार को सबसे अधिक भीड़ जनरल मेडिसन, गायनी, चर्म रोग और शिशु रोग विशेषज्ञ डॉक्टरों के पास रही। आम दिनों के मुकाबले करीब दोगुने मरीज पहुंचे। सुबह से ओपीडी रजिस्ट्रेशन पर लाइन लगना शुरू हो गया था। सुबह 10 बजे अस्पताल के मुख्य गेट तक भीड़ पहुंच गई।
मरीजों की अधिक संख्या आने की वजह से मरीजों के साथ डॉक्टरों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन की वजह से रजिस्ट्रेशन में अधिक समय लगा। जिसका असर डॉक्टरों के कमरे में दिखा। यहां भीड़ शुरू में कम रही, जब सर्वर ठीक हुआ तब डॉक्टरों के कमरे के बाहर अधिक भीड़ हो गई।
8:15 बजे से रजिस्ट्रेशन काउंटर खोल दिए गए। रजिस्ट्रेशन के साथ डॉक्टरों से मिलने के लिए टोकन भी दिया जा रहा था। इसके बावजूद लंबी लाइन लगने लगी। हड्डी, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉक्टरों के पास भी अधिक भीड़ रही। मरीजों की भीड़ इतनी थी कि मरीज जमीन पर बैठकर अपनी बारी का इंतजार कर रहे थे।