अदालत ने काला धन व मनी लांड्रिंग मामले में गिरफ्तार वकील गौतम खेतान के आवेदन पर जेल प्रशासन से रिपोर्ट मांगी है। खेतान ने उसे सेल से निकालकर बैरक में शिफ्ट किये जाने पर आपत्ति जताई है। खेतान ने उसे वापस सेल में भेजने की मांग की है। उसका कहना है जिस बैरक में उसे रखा गया है वहां पर हत्याओं के दोषी बंद हैं जो उसे अपने अपराधों की कहानी सुनाते हैं और उसके केस की जानकारी मांगते हैं। इसके अलावा वहां पर 25-25 कैदियों को एक ही प्लेट में खाना दिया जाता है।
पटियाला हाउस अदालत के विशेष सीबीआई जज अरविंद कुमार के खेतान के वकील हेमंत शाह ने कहा कि सेल में स्थान उपलब्ध होने के बावजूद उसे बैरक में शिफ्ट कर दिया गया है। वहां पर हत्याओं व अन्य अपराधियों के साथ अधिवक्ता आरोपी को रखा जा रहा है। इससे उसकी सुरक्षा को कभी भी खतरा हो सकता है। कोर्ट के समक्ष खुद आरोपी अधिवक्ता गौतम खेतान ने कहा कि उस बैरक में करीब 30 आरोपी हैं। यह लोग उससे उसके केस के बारे में जानकारी मांगते हैं। इसके अलावा यह लोग उसे बताते हैं कि कौन कितनी हत्यायें करके जेल आया है।
कोर्ट ने खेतान की अर्जी पर सुनवाई करते हुये पूछा कि क्या उसे वापस सेल में शिफ्ट किया जा सकता है। इस पर जेल प्रशासन पांच मार्च को रिपोर्ट पेश करे। इस बीच उसे वापस सेल में शिफ्ट करने की संभावना पर विचार किया जाये। सीबीआई व ईडी ने 36 सौ करोड़ रुपये के वीवीआईपी चौपर डील घूस केस मे भी कुछ साल पहले गिरफ्तार किया गया था। इस मामले में गौतम खेतान व अन्य आरोपी जमानत पर हैं।