जब आसपास के लोगों ने बच्ची को रोते हुए देखा तो उसके माता-पिता की तलाश शुरू कर दी, लेकिन माता पिता का पता नहीं चला। कुछ देर बाद जब मार्केट के पास की चौकी के प्रभारी एनपी सिंह वहां पहुंचे और तुरंत उसे बचाया।
करीब दस मिनट के बाद मेहंदी लगाए हुए उसकी मां पहुंची तो उसके होश होड़ गए। लोगों ने इस तरह की लापरवाही के लिए उन्हें समझाया। इसके बाद दंपती ने लोगों और पुलिस से माफी मांगी।