केंद्र सरकार के दो लाख रुपये की सोने की बिक्री और खरीदारी पर पैन कार्ड की अनिवार्यता के नियम लागू करने के विरोध में ज्वैलर्स आ गए हैं।
सभी ज्वैलर्स ने बुधवार को दुकानें बंद रखकर विरोध जताया और प्रदर्शन कर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। ज्वैलर्स की हड़ताल से 12 सौ से ज्यादा प्रतिष्ठान बंद रहे। इससे करीब सात करोड़ रुपये का कारोबार प्रभावित हुआ।
उप्र स्वर्णकार संघ के प्रदेश कोषाध्यक्ष रवि वर्मा ने बताया कि केंद्र सरकार ने वित्त मंत्रालय की सिफारिश पर दो लाख और इससे ज्यादा के जेवरात की खरीद पर पैनकार्ड अनिवार्य कर दिया है। ज्यादातर लोगों के पास पैन कार्ड नहीं हैं।
महंगाई के दौर में दो लाख में मामूली जेवरात आते हैं। पैन कार्ड अनिवार्य करने का नियम व्यवहारिक नहीं है। ऑल इंडिया सर्राफा एसोसिएशन, उप्र स्वर्णकार संघ एवं उत्तरप्रदेश सर्राफा एसोसिएशन के आह्वान पर शनिवार को ज्वैलर्स के सभी प्रतिष्ठान बंद रहे।
सर्राफा एसोसिएशन और स्वर्णकार संघ के नेतृत्व में चौपला मंदिर पर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। एसोसिएशन के अध्यक्ष मोहन प्रसाद ने बताया किे पर अशोक आनंद राहुल, विकास, सिद्धार्थ रमन, अंगद आदि मौजूद रहे।
कचहरी में भी रही हड़ताल
पश्चिमी यूपी में हाईकोर्ट बेंच की मांग को लेकर कचहरी में बुधवार को हड़ताल रही। इस दौरान वकील पूरी तरह से कार्य से विरत रहे।
इससे वादकारियों को भी परेशानी उठानी पड़ी। बार सचिव दीपक शर्मा ने बताया कि पहले यह तय किया गया था कि वकील हड़ताल के दौरान विरोध प्रदर्शन करते हुए हापुड़ रोड पर सांकेतिक धरना देंगे, मगर बाद में धरने से लगने वाले जाम के चलते इस कार्यक्रम को रद्द कर दिया गया।