दिल्ली के सबसे बड़े मेडिकल कॉलेज मौलाना आजाद के लोकनायक अस्पताल के ऑपरेशन थियेटर बंद हो सकते हैं। सर्जरी विभाग के डॉक्टरों का कहना है कि लंबे समय से उन्हें सामान और स्टाफ नहीं मिल रहा है।
इसलिए उनके पास ओटी बंद करने के अलावा कोई और विकल्प नहीं है। अस्पताल प्रबंधन को बार बार कहने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई। लिहाजा यह फैसला लिया गया है। वहीं दूसरी ओर अस्पताल प्रबंधन ने इसे सियासत तक बता दिया है। उनका कहना है कि इस मामले को महज राजनीतिक तूल दिया जा रहा है।
अस्पताल के सर्जरी विभाग के अध्यक्ष डॉ. पवनिंदर लाल की ओर से आफिस आर्डर निकाला गया है। इसमें लिखा है कि एक दिसंबर से ओटी बंद करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचा है। अस्पताल प्रशासन से कई बार कहने के बाद भी ऑपरेशन थियेटर के लिए नए उपकरण नहीं खरीदे गए। ओटी में ऑपरेशन करना मरीजों के लिए सुरक्षित नहीं है।
डॉ. लाल ने लिखा है कि लैप्रोस्कोपीक सेट, ऑपरेशन टेबल, मरीजों को स्थानांतरित करने के लिए ट्रॉली बेड, पोस्ट ऑपरेटिवआइसीयू बेड, ऑपरेशन थियेटर में सीलिंग लाइट, सी आर्म सहित कई उपकरणों का अभाव है। लैप्रोस्कोपी से संबंधित उपकरण डेमो के रूप में लोन पर लेकर 18 महीने तक मरीजों की सर्जरी की गई है।
आखिर इस तरह डॉक्टर कब तक सर्जरी करके काम चलाएंगे। मौजूदा समय में दूरबीन से सर्जरी लोगों के लिए बेहद फायदेमंद है। अस्पताल में ज्यादातर आर्थिक रूप से कमजोर लोग इलाज के लिए पहुंचते हैं। इस तकनीक से सर्जरी करने पर मरीज जल्द स्वस्थ होकर घर चले जाते हैं।
फिलहाल मैं दिल्ली से बाहर हूं।लेकिन मुझे इसकी जानकारी मिली है। सोमवार को इसे लेकर विभागीय डॉक्टरों से बातचीत की जाएगी ताकि समस्या का हल निकाला जा सके।
- डॉ किशोर सिंह, चिकित्सा निदेशक, लोकनायक अस्पताल