सवारियों से लूटपाट करने वाले ऑटो गैंग की बढ़ती सक्रियता और छेड़छाड़ की घटनाओं पर अंकुश के लिए पुलिस-प्रशासन ने सुरक्षा का पुख्ता प्लान बनाया है। इसके तहत अब कैब और टैक्सी की तर्ज पर ऑटो और टेंपो में भी चालक का नाम और मोबाइल नंबर लिखना अनिवार्य है।
एसपी सिटी ने बताया कि टेंपो और ऑटो चालकों को 27 अगस्त तक का समय दिया गया है। नाम और मोबाइल नंबर दर्ज न करने वाले चालकों केचालान कटेंगे और फिर एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी। ऑटो और टेंपो चालकों को वाहन के बाहर और अपनी सीट केपीछे अपना नाम, मोबाइल नंबर दर्ज कराना पड़ेगा। यह पक्केपेंट से लिखवाया जाएगा, ताकि उसे आसानी से हटाया न जा सके।
एसपी सिटी ने बताया कि कुछ समय पहले हुई सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में उनके द्वारा यह प्रस्ताव रखा गया था, जिसे हरी झंडी दे दी गई थी। बैठक में एसपी ट्रैफिक और आरटीओ भी मौजूद थे। इसी दिशा में ऑटो और टेंपो चालक यूनियन को सूचना देकर 27 अगस्त कर आदेश पर अमल करने के निर्देश दिए गए हैं।
बैठक में यूनियनों ने भी जताई सहमति
बैठक में ऑटो यूनियनों ने भी पुलिस की इस योजना पर सहमति जताई है। मामले में गत 19 अगस्त को पुलिस व परिवहन विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक भी हुई थी। ऑटो रिक्शा चालक संघ गाजियाबाद के अध्यक्ष दिलशाद अहमद ने बताया कि उन्होंने इस सबंध में पंपलेट बंटवाए हैं। साथ ही लाउड स्पीकर से प्रचार भी कराया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि शहर में 15 हजार ऑटो तथा 1700 विक्रम टेंपो हैं। सभी में चालक का नाम व मोबाइल नंबर लिखवाया जा रहा है। विक्रम ऑटो ऑनर्स एसोसिएशन के कोषाध्यक्ष ने बताया कि वह खुद घूम-घूमकर टेंपो में नंबर व नाम लिखवा रहे हैं।