लोनी के बाद अब मनोटा गांव में रेलवे फाटक के पास स्थित गन्ने के खेत से शुक्रवार शाम तेंदुए का शव मिला है। ग्रामीणों के मुताबिक हाईटेंशन का तार टूटने से करंट की चपेट में आकर तेंदुए की मौत हुई है।
सूचना पर पहुंची पुलिस और वन विभाग की टीम ने जांच की। ग्रामीणों का मानना है कि गांव में तेंदुए का जोड़ा था और एक तेंदुआ अभी भी गांव में मौजूद है। वन विभाग ने छह सदस्यीय टीम बनाकर दूसरे तेंदुए की तलाश शुरू कर दी है।
उखलारसी गांव निवासी चेतन, सुरेंद्र, राजेश, मुनींद्र के खेत पास-पास हैं। शुक्रवार शाम चेतन खेत पर पहुंचा और तेंदुए को देख उसकी चीख निकल गई। वह शोर मचाता हुआ गांव की ओर दौड़ पड़ा।
लाठी-डंडे लेकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे, लेकिन तेंदुए को मृत देख ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक तेंदुए के शरीर पर हाईटेंशन लाइन की तार टूटी पड़ी थी। माना जा रहा है कि तेंदुए की करंट की चपेट में आने से मौत हुई है।
वन विभाग के एसडीओ वीपी सिंह ने बताया कि तेंदुए का पोस्टमार्टम चार सदस्यीय डॉक्टर के पैनल ने किया है। तेंदुए की उम्र देखने में 3-4 साल के बीच लग रही है।
तेंदुआ एक रात में करीब 50 मील का सफर तय करते हैं। देखने में शव दो दिन पुराना लग रहा है। मौत करंट से हुई है।
पंद्रह दिन पहले देखा था तेंदुआ
जलालाबाद गांव निवासी मनवीर ने बताया कि पंद्रह दिन पहले वह बाइक से गांव निवासी मनोज के साथ घर लौट रहा था तो उसने खेत में तेंदुआ घूमता देखा था। यह जानकारी उसने गांव में भी दी थी।