-बोर्ड ने कहा डिजिटल मूल्यांकन एजेंसी चयन में पूरी पारदर्शिता बरती गई, नियमों के तहत हुआ ठेका आवंटन
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड ने बारहवीं की उत्तर पुस्तिकाओं के डिजिटल मूल्यांकन कार्य का ठेका सीओईएमपीटी एडुटेक कंपनी (ओएसएम सिस्टम चलाने वाली कंपनी) को दिए जाने को लेकर लगाए जा रहे आरोपों को भ्रामक, तथ्यहीन और गलत बताया है। बोर्ड ने स्पष्ट किया कि 2026 की बोर्ड परीक्षाओं के लिए एजेंसी चयन प्रक्रिया पूरी तरह सामान्य वित्तीय नियमों (जीएफआर) और निर्धारित सरकारी प्रक्रियाओं के अनुसार ही हुई।
डिजिटल मूल्यांकन कार्य पर उठे विवाद के बाद अब मूल्यांकन कार्य का ठेके पर भी सवाल उठ रहे हैं। इस पर बोर्ड ने कहा कि 28 अगस्त 2025 को केंद्रीय सार्वजनिक खरीद पोर्टल पर डिजिटल इवैल्यूएशन ऑफ आंसर बुक्स फॉर बोर्ड एग्जाम 2026 के लिए प्रस्ताव आमंत्रण (आरएफपी) जारी किया था। बोर्ड के अनुसार इसके बाद तकनीकी और वित्तीय मानकों के आधार पर योग्य बोलीदाताओं का मूल्यांकन किया गया तथा नियमानुसार ही एजेंसी का चयन हुआ। सीबीएसई ने कहा कि निविदा प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन और पारदर्शी तरीके से संचालित की गई। ऐसे में किसी भी प्रकार की अनियमितता या पक्षपात के आरोपों का कोई आधार नहीं है। सीबीएसई ने यह भी स्पष्ट किया कि डिजिटल मूल्यांकन व्यवस्था का उद्देश्य परीक्षा प्रक्रिया को अधिक तेज, सटीक और पारदर्शी बनाना है।
दरअसल डिजिटल मूल्यांकन के लिए एजेंसी चयन प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं। दरअसल नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सवाल किया कि इतना बड़ा ठेका इस कंपनी को क्यों दिया गया, ठेका देने के लिए किन नियमों को दरकिनार किया गया। इसके बाद सीबीएसई ने एक आधिकारिक बयान जारी कर स्थिति स्पष्ट की है। वहीं भले ही बोर्ड ने डिजिटल मूल्यांकन प्रणाली (ऑन स्क्रीम मार्किंग) प्रक्रिया को पारदर्शी बताया है लेकिन डिजिटल मूल्यांकन प्रणाली के कारण खराब आए रिजल्ट से छात्रों की शिकायतें कम नहीं हो रही है।
छात्रों की शिकायत लगातार बनी हैं कि जो उत्तर पुस्तिकाएं उनको भेजी गई हैं वह धुंधली हैं, कुछ का आरोप है कि वह कॉपी उनकी नहीं है, किसी और की कॉपी मिलने के मामले भी सामने आ रहे हैं। छात्र आरोप लगा रहे हैं कि उनके फिजिक्स, केमिस्ट्री, मैथ्स, बॉयोलॉजी जैसे विषयों में उनके प्री-बोर्ड से भी कम नंबर आए हैं। इससे उन्हें डर सता रहा है कि आगे की पढ़ाई किस प्रकार कर पाएंगे।