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Noida News: नई उम्र, नया उत्साह संग फिर से लौट रहे शिक्षा की राह

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एनआईओएस में कोविड के बाद 30 की उम्र के बाद पढ़ाई करने वालों की संख्या बढ़ी, तीन साल में डेढ़ लाख से ज्यादा ने लिया दाखिला
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नेहा शर्मा
नोएडा। कभी जिम्मेदारियों का बोझ तो कभी समय की कमी। इन्हीं कारणों से कई लोगों की पढ़ाई अधूरी रह गई थी। अब हालात बदल रहे हैं। 30 वर्ष से अधिक उम्र के लोग एक बार फिर अपनी शिक्षा पूरी करने के लिए आगे आ रहे हैं। आत्मनिर्भरता, कॅरिअर में तरक्की और आत्मसंतोष की चाह ने उन्हें दोबारा पढ़ाई की राह पर लौटा दिया है। यही कारण है कि राष्ट्रीय मुक्त विद्यालयी शिक्षा संस्थान (एनआईओएस) में कोविड के बाद से ऐसे अभ्यर्थियों का आंकड़ा बढ़ रहा है।
एनआईओएस के आंकड़ों के अनुसार, 10वीं और 12वीं में पिछले तीन सालों में 30 से अधिक उम्र के 15,0989 अभ्यर्थियों ने दाखिले लिए। इनमें नौकरीपेशा, गृहिणियां, व्यापारी और वरिष्ठ नागरिक भी शामिल हैं। खासतौर पर नोएडा, गाजियाबाद, दिल्ली और आसपास के जिलों के अभ्यर्थियों की संख्या तेजी से बढ़ी है।
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प्रमोशन और आत्मनिर्भरता बना वजह

कई कर्मचारी अपने प्रमोशन या बेहतर पद पाने के लिए दोबारा पढ़ाई शुरू कर रहे हैं। कई गृहिणियां अपने बच्चों की पढ़ाई में मदद करने और आत्मनिर्भर बनने के लिए शिक्षा की राह पकड़ रही हैं। नोएडा सेक्टर-45 में रहने वाली 40 वर्षीय कोमल देवी बताती हैं कि शादी और बच्चों के बाद पढ़ाई छूट गई थी लेकिन अब एनआईओएस के जरिये 12वीं की परीक्षा दे रही हैं। उनका कहना है कि शिक्षा से आत्मविश्वास और सम्मान दोनों बढ़ते हैं।



ऑनलाइन सुविधा से आसान हुई पढ़ाई

एनआईओएस ने ऑनलाइन कोर्स, डिजिटल स्टडी मटेरियल और लचीली परीक्षा प्रणाली है। इससे अभ्यर्थियों को घर बैठे पढ़ने की सुविधा मिली है।


सकारात्मक बदलाव
राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय के पूर्व प्राचार्य डॉ. राजीव कुमार गुप्ता का कहना है कि यह प्रवृत्ति समाज में शिक्षा के प्रति एक सकारात्मक बदलाव का प्रतीक है। सीखने की कोई उम्र नहीं होती। जब तक व्यक्ति में जिज्ञासा और आगे बढ़ने का जज्बा जीवित है, तब तक शिक्षा का मार्ग हमेशा खुला रहता है।
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कोट

शिक्षा प्राप्त करने की कोई आयु सीमा नहीं है जिससे कोई भी व्यक्ति चाहे वह वयस्क हो, वरिष्ठ नागरिक, गृहिणी या श्रमिक अपनी अधूरी शिक्षा पूरी कर सकता है। एनआईओएस ने उल्लास कार्यक्रम के तहत 9 करोड़ से ज्यादा वयस्क शिक्षार्थियों का सर्टिफिकेशन किया है और उन्हें आगे की शिक्षा के लिए मुक्त बेसिक शिक्षा (ओबीई) कार्यक्रम से जोड़ा जाएगा। -प्रो अखिलेश मिश्र, अध्यक्ष, एनआईओएस

आंकड़ा
30 से अधिक उम्र में दाखिला लेने वाले अभ्यर्थी

वर्ष 2022 2023 2024
10वीं में अभ्यर्थियों की संख्या 22602 22797 18883
12वीं में अभ्यर्थियों की संख्या 28343 31576 26788
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