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Noida News: तीसरी लाइन में चौड़ी, दसवीं में लाइन में दर्शाई पतली सड़क

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कोपागंज-भातकोल मार्ग पर शिवपुर गाढ़ा में सकरी सड़क और बिजली के खंभे।संवाद
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मऊ / कोपागंज। कोपागंज से भातकोल जाने वाली 18 किमी सड़क चौड़ीकरण को लेकर लोक निर्माण विभाग निर्माण खंड ने अजीबोगरीब आख्या पेश की है। अपनी 21 लाइन की रिपोर्ट की तीसरी लाइन में पूरी सड़क को चौड़ी और दसवीं लाइन में पतली दर्शाई गई है। इतना ही नहीं, भुगतान होने के बाद भी बिजली निगम द्वारा काम पूरा नहीं करने की बात स्वीकार की है। लेकिन इसका जिम्मेदार कौन है, ये बताने वाला कोई नहीं है। क्षेत्र के समाजसेवी वेद प्रकाश राय ने इस संबंध में सूचना का अधिकार के तहत कई बार सूचना मांगी, लेकिन जवाब नहीं मिला। क्षेत्रीय लोगों ने प्रार्थनापत्र देकर मंडलायुक्त और मुख्य अभियंता आजमगढ़ की निगरानी में टीम गठित कर जांच करने की मांग की लेकिन इसे अब तक स्वीकार नहीं किया गया है।
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22 जुलाई 2025 के अंक में अमर उजाला ने - 5 साल बाद भी नहीं हटे 12 खंभे, 2 ट्रांसफाॅर्मर शीर्षक से प्रमुखता से खबर प्रकाशित की थी। इसपर लोक निर्माण विभाग निर्माण ने रिपोर्ट लगाई है कि कोपागंज-भातकोल मार्ग की लंबाई 18 किमी और चौड़ाई सात मीटर है। मार्ग का निरीक्षण किया गया तो कोपागंज नगर पंचायत में भातकोल मोड़ से हिकमा चट्टी के बीच लंबाई लगभग 600 मीटर में घनी आबादी है। मार्ग के किनारे पुरानी नाली और आवासों के मध्य स्थित पुराने बिजली के खंभों, तार और ट्रांसफाॅर्मर को प्रतिस्थापित करने के लिए पर्याप्त जगह नहीं है। प्रतिस्थापित करने के बाद खंभे आवासों में सट जाने से जान माल का खतरा हो सकता है। इसे देखते हुए खंभों को हटाया जाना संभव नहीं था। मार्ग के निर्माण के दौरान पोल और ट्रांसफाॅर्मर के प्रतिस्थापन के लिए उपजिलाधिकारी सदर, लेखपाल, कानूनगो, विद्युत वितरण खंड के सहायक अभियंता और अवर अभियंता ने कई बार निरीक्षण किया गया। संयुक्त रूप से ग्रामीणों से बातचीत की गई, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो पाया। इसलिए 600 मीटर लंबाई में खंभे और ट्रांसफाॅर्मर प्रतिस्थापित करने की कार्रवाई नहीं की जा सकी। विभाग ने रिपोर्ट में यह भी दर्शाया है कि उनसे इस प्रकरण से कोई मतलब नहीं है। लेकिन अधूरे पड़े 67 मीटर आरसीसी मार्ग को लोक निर्माण विभाग ने सात मीटर की जगह 3.75 मीटर चौड़ा बनाया। खंभे और ट्रांसफार्मर के लिए बिजली निगम को 1.67 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया था। सवाल ये है कि क्या बिजली निगम ने काम अधूरा होने के बाद भी पूरा होना दिखा दिया है।
33 करोड़ से हुआ था सड़क का चौड़ीकरण
फरवरी 2020 में 18 किमी लंबी सड़क चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण के लिए शासन ने 33 करोड़ रुपये स्वीकृत किए थे। इस सड़क को सात मीटर चौड़ा बनाना था। लेकिन अब भी दो जगहों पर सड़क पुराने ढांचे पर ही है। कोपागंज में शिवपुर गाढ़ा और कोइरियापार बाजार में बिना अतिक्रमण हटाए सड़क को 3.75 चौड़ा बनाया गया।
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जिन जगहों पर सड़क चौड़ी नहीं हुई और जहां से बिजली के खंभे शिफ्ट नहीं हुए हैं, वहां का भुगतान उसी के अनुसार किया गया है। जहां तक शिवपुुर गाढ़ा में सड़क संकरी होने का मामला है, वहां पूर्व में लगाई गई रिपोर्ट के आधार पर बनाई गई है। उस जगह नाला निर्माण स्थानीय नगर पंचायत की जिम्मेदारी है, लेकिन विभाग की तरफ से प्रयास किया जा रहा है कि नाले पर ढक्कन लगा दिया जाए, जिससे सडक चौड़ी हो सके। - संजय कुमार, सहायक अभियंता, लोक निर्माण विभाग निर्माण खंड
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