शहरी विकास मंत्री ने किया निरीक्षण, कहा- जरूरत पड़ी तो होगी सीबीआई जांच
पिछली सरकार व एनजीओ पर लगाया भ्रष्टाचार का आरोप
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली। शहरी विकास मंत्री आशीष सूद ने सराय काले खां की पार्किंग में चलाए जा रहे पांच रैन बसेरों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान कई खामियां सामने आने पर डूसिब और एनजीओ को चेतावनी दी गई। उन्होंने कहा कि लापरवाही और भ्रष्टाचार को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने डूसिब अधिकारियों की भी जिम्मेदारी तय करने के निर्देश दिए। साथ ही, कहा कि रैन बसेरों में हुए कथित भ्रष्टाचार के खिलाफ विजिलेंस जांच होगी। जरूरत पड़ने पर सीबीआई से भी जांच करवाई जा सकती है।
सूद ने बताया कि सरकार को लगातार कई शिकायतें मिल रहीं हैं। पिछली सरकार ने सैकड़ों लोगों की नियुक्ति इन रैन बसेरों की देखरेख करने के लिए की थी, लेकिन वास्तव में उतने लोग नियुक्त नहीं हुए। न लोगों को रैनबसेरों में सुविधाएं मिल रहीं हैं। निरीक्षण के दौरान हाजिरी का रजिस्टर भी नहीं मिला। गरीब मजदूर को काफी कम पैसे देकर सफाई या दूसरे काम करवाए जा रहे हैं, जबकि इनके बदले लाखों रुपये सरकार से वसूले जा रहे हैं। हम इसकी विजिलेंस जांच कराएंगे। जरूरत पड़ी तो सीबीआई से भी जांच करवाई जाएगी।
सूद ने कहा कि एनजीओ को कई बार चेतावनी भी दी गई थी कि समय रहते इन रैन बसेरों की व्यवस्था में सुधार कर ले अन्यथा सरकार को कड़ी कार्रवाई करनी पड़ेगी। जिन्होंने गरीब व बेसहारा लोगों का पैसा खाया है, उसे लौटाना पड़ेगा। समय-समय पर इन रैन बसेरों का दौरा होगा। यहां दी जा रही सुविधाओं भी जांच होगी। उन्होंने रैन बसेरों को संचालित करने वाली एजेंसी को निर्देश दिए कि वह गुणवत्ता के सभी मानकों को पूरा करे अन्यथा कठोर कार्रवाई होगी।
नहीं तोड़े जाएंगे रैन बसेरे
रैन बसेरों में रहने वाले लोगों ने सूद को बताया कि कुछ लोग यहां अफवाह फैला रहे हैं कि रैन बसेरे शीघ्र ही तोड़ दिए जाएंगे। इस पर सूद ने आश्वस्त किया कि वे तोड़फोड़ नहीं होने देंगे। साथ ही, उन्होंने पुलिस को निर्देश दिए कि वह अफवाह फैलाने वालों पर कार्रवाई करे।