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Noida News: जेल में बंद कैदियाें को भगाने की साजिश में दो पुलिसकर्मी गिरफ्तार

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बंदी को भगाने की साजिश में गिरफ्तार सिपाही राहुल
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गाजियाबाद। डासना जेल में बंद कैदियों को भगाने की साजिश करने के आरोप में कविनगर पुलिस ने रविवार को पुलिस लाइन में तैनात सिपाही राहुल और सचिन को गिरफ्तार किया है। मुजफ्फरनगर का रहने वाला राहुल 2015 बैच व बुलंदशहर का रहने वाला सचिन 2016 बैच का भर्ती सिपाही है। पुलिस लाइन के प्रतिसार निरीक्षक चंद्रभान सिंह ने दोनों के खिलाफ शनिवार रात को मुकदमा दर्ज कराया था। दोनों को निलंबित कर कार्रवाई की गई है।
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पुलिस अधिकारियों के अनुसार बताया कि सचिन और राहुल की पूर्व में कैदियों को लाने ले जाने में ड्यूटी लगी थी। बिजेंद्र व वंश को वह कई बार कोर्ट पर पेशी पर लेकर गए थे। तभी उनकी पहचान दोनों से हो गई थी। पेशी के दौरान ही बिजेंद्र व वंश ने दोनों सिपाहियों के साथ मिलकर तय किया था कि वह उनको बाहर लेकर जाएगा। इसके लिए उनको पैसे का लालच दिया गया था। ब्रिजेश को धोखधड़ी और वंश को रंगदारी के मामले में कोर्ट लेकर जाना था। डीसीपी धवल जयसवाल ने बताया कि शुरुआती जांच में सामने आया है कि दोनों की योजना वंश और बिजेंद्र को उनके घर वालों से मिलाकर लाने की थी।
इसलिए गहराया शक
शनिवार को सचिन और राहुल जिस तलवी को लेकर जेल में पहुंचे, उसमें छह कैदियों को ले जाने की बात लिखी थी, लेकिन यह लोग वंश और बिजेंद्र को ही ले जाने की बात पर अड़े थे। उनके पास कोई शासकीय वाहन नहीं था। दोनों पुलिस की वर्दी में भी नहीं थे। इसलिए जेल अधिकारियों को उनपर संदेह हुआ। तभी उन्होंने इसकी सूचना पुलिस लाइन में अधिकारियों को दी। जांच में सामने आया कि दोनों सिपाहियों की ऑफिशियल कोई ड्यूटी जेल में बंदियों को ले जाने के लिए नहीं लगी थी। इसके बाद उच्चाधिकारियों को सूचना दी गई और मामले में कार्रवाई शुरू हुई।
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तलवी रिकॉर्ड से की चोरी
पुलिस के अनुसार जांच में सामने आया है जिस तलवी के साथ दोनों जेल पहुंचे थे, उसपर उनकी ड्यूटी नहीं थी। दोनों पर तलवी को ऑफिस से चोरी करने का भी आरोप लगा है। ऐसे में रिकॉर्ड की देखरेख करने वालों के संबंध में जांच की जा रही है। डीसीपी ने बताया कि इस मामले में विवेचना चल रही है जो जानकारी सामने आएंगी उसके बाद धाराओं को बढ़ाया जाएगा। साथ ही इस मामले में जेल में बंद बिजेंद्र और वंश को लेकर भी अधिक जानकारी जुटाई जा रही है।
फर्जी मार्कशीट और डिग्री बनाने का आरोप
जेल में बंद बिजेंद्र सिंह उर्फ बिजेंद्र सिंह हुड्डा सहित 10 लोगों के खिलाफ हापुड़ के पिलखुवा थाने में 18 मई 2025 को एसटीएफ इंस्पेक्टर ओम शंकर शुक्ला की ओर से रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने 10 आरोपितों को गिरफ्तार किया था। इनके पास से 1372 फर्जी मार्कशीट और डिग्री, 262 प्रोविजनल मार्कशीट, 14 मोबाइल, सात लैपाटप, छह लाख 54 हजार रुपये बरामद हुए थे। आरोपित फर्जी मार्कशीट और डिग्री बेच रहे थे। इस काम से वह करोड़ों रुपये की संपत्ति का मालिक बन गया था। आरोपियों से मिली तलवी के अनुसार इसी मामले में उसे गौतमबुद्धनगर कोर्ट में पेशी के लिए ले जाना था।
वंश ने कार सवार का अपहरण कर वसूली थी रंगदारी
विजय नगर थाना क्षेत्र आईपीईएम कालेज के सामने 10 सितंबर 2025 को वंश सहित तीन बदमाशों ने ग्रेटर नोएडा के मयंक मिश्रा को उसी कार में हथियार के बल पर अपहरण कर लिया था। मयंक मिश्रा अपनी दोस्त को बस में बैठाने के लिए एनएच नौ पर आया था। कार में बैठते ही आरोपितों ने मयंक के सिर पर पिस्टल तान दी थी। मयंक के मोबाइल से उसके स्वजन को वीडियो काल कर रंगदारी मांगी थी। स्वजन ने बदमाशों को 90 हजार रुपये और लाखों रुपये की ज्वेलरी लाकर दी। इसके बदमाश मयंक को ट्रांस हिंडन क्षेत्र में छोड़कर भाग गए थे। वंश पर लूट, चोरी, अपहरण और अवैध हथियार की धारा में पांच मुुकदमे दर्ज हैं। पुलिस के अनुसार अपहरण के मामले में उसे गौतमबुद्धनगर कोर्ट में पेश करना था।
पहले भी अपराधियों से मिलीभगत पर उठे हैं सवाल
30 सितंबर 2025 को साहिबाबाद की सीमा चौकी प्रभारी आशीष कुमार जादौन समेत चार पुलिसकर्मी हिस्ट्रीशीटर इरशाद मलिक की बर्थडे पार्टी में शराब पीकर डांस कर रहे थे। इसकी वीडियो भी हाल ही में वायरल हुई। इसके बाद चौकी प्रभारी समेत चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया।
अगस्त माह में धर्मांतरण के आरोपी छांगुर बाबा की क्राइम ब्रांच प्रभारी अब्दुल रहमान सिद्दीकी से मिलीभगत का मामला सामने आ चुका है। जांच में पुष्टि हुई कि अब्दुल रहमान सिद्दीकी छांगुर बाबा की मदद करता था। किरकिरी होने पर पुलिस अधिकारियों ने अब्दुल रहमान को निलंबित किया और उनके खिलाफ जांच चल रही है।
2022 में हवालात में बंद कैदी की वीडियो कॉल करवाने के मामले में दो पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया। हालांकि, बाद में उनको बहाल करते हुए दोनों पुलिसकर्मियों का तबादला गैर जनपद कर दिया गया।
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बंदी को भगाने की साजिश में गिरफ्तार सिपाही राहुल

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