कार लोन और उधारी चुकाने के लिए एजेंट ने किया था फर्जी लूट का नाटक
- एजेंट सहित उसका भतीजा और एक दोस्त गिरफ्तार, दूसरा फरार
- 15 दिन पहले बनाई थी योजना, फर्जी लूट को हकीकत दिखाने के लिए की फायरिंग
- 200 प्वाइंट पर लगे 500 से ज्यादा सीसीटीवी फुटेज के बाद आरोपियों तक पहुंची पुलिस
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा । थाना बीटा-2 क्षेत्र में प्लाइवुड कंपनी के शोरूम से 9 लाख रुपये लेकर दिल्ली जा रहे कैश कलेक्शन एजेंट संतोष कुमार ने अपनी कार व बाइक के लोन और उधारी को चुकने के लिए फर्जी लूट का नाटक रचा था। 15 दिन पहले उसने अपने भतीजे चंदन और दोस्त नितेश शर्मा व आकाश के साथ मिलकर योजना बनाई थी। पुलिस सर्विलांस, 200 प्वाइंट पर लगे 500 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरों के फुटेज और खुफिया इनपुट से 48 घंटे में वारदात का खुलासा कर दिया। पुलिस ने दिल्ली के कीर्ति नगर निवासी संतोष, भतीजे चंदन, दोस्त नीतेश शर्मा को गिरफ्तार किया है। चौथा आरोपी दिल्ली के कीर्ति नगर निवासी आकाश फरार है। आरोपियों से 9 लाख रुपये, ब्रेजा गाड़ी, पिस्टल व तमंचा बरामद किया है।
सोमवार को नॉलेज पार्क स्थित पुलिस उपायुक्त कार्यालय में डीसीपी साद मियां खान ने बताया कि घटना के बाद पुलिस ने खुलासे के लिए कई टीमें गठित की। कुछ बिंदुओं पर संदेह था। एजेंट संतोष कुमार के फोन को सर्विलांस पर लगाया गया। उसकी कॉल डिटेल की जांच की गई। इसके बाद संतोष को हिरासत में ले लिया गया। संतोष मूल रूप से बिहार के जिला समस्तीपुर के थाना बिरौली के गांव पचरुखी का रहने वाला है। फुटेज में दिखा कि फर्जी घटना को अंजाम देने के बाद बाइक सवार सर्विस लेन से होकर नोएडा एक्सप्रेस वे की ओर जा रहे हैं। जांच के बाद पुलिस नीतेश और आकाश तक पहुंच गई। सख्ती से पूछताछ में आरोपियों ने बात उगल दी। रविवार देर रात पुलिस पार्टी चंदन को साथ लेकर चूहड़पुर अंडर पास के पास सर्विस रोड के किनारे पहुंची। यहां पर बबूल की घनी झाड़ियों में छिपाकर रखे गये बैग को निकालकर पुलिस को देते समय उसमें रखी पिस्टल से पुलिस पर जान से मारने की नीयत से फायर किया। जवाब में पुलिस फायरिंग में चंदन के पैर में गोली लगी। बैग से 500-500 के नोटों की 15 गड्डियां (कुल 7.5 लाख रुपये,) थीं।
10 साल से अखिल गोयल के यहां नौकरी कर रहा था संतोष
शुक्रवार को संतोष जब ग्रेटर नोएडा के प्लाईवुड कंपनी शोरूम से कैश लेकर दिल्ली जा रहा था तो उसने साइट-4 के पास 9 लाख कैश लूट लिए जाने की सूचना दी थी। उसने पुलिस को गुमराह करते हुए कहा कि बाइक सवार दो बदमाशों ने तमंचे के बल पर फायरिंग करते हुए लूट लिया। संतोष कुमार दिल्ली के मंगोलपुरी स्थित टेकचंद एंड सन के मालिक अखिल गोयल के लिए 10 साल से नौकरी कर रहा था। संतोष कुमार ने पुलिस को बताया क उस पर कार लोन और बाइक लोन के साथ कई लोगों की उधारी हो गई थी। मालिक भी कुछ दिनों से उसके साथ खराब व्यवहार कर रहा था।
1.5 लाख रुपये खर्चे लिए निकाल कर अलग रख लिए थे आरोपी
15 दिन पहले सभी लोगों ने जब फर्जी लूट की योजना बनाई तब तय हुआ कि जिस दिन ज्यादा कैश लेने जायेगा उसी दिन ये घटना को अंजाम दिया जायेगा । कुछ पैसे आपस में बांट लिए जाएंगे और बाकी बचे हुए पैसे से कार, बाइक का लोन चुका दिया जाएगा। साथ ही लोगों की उधारी का पैसा भी चुका दिया जाएगा। किसी को शक न हो इसलिए फर्जी लूटकांड को अंजाम देते समय हवाई फायरिंग की गई। लूट की रकम को ले जाते समय आरोपियों ने 1.5 लाख रुपये खर्चे लिए निकाल कर अलग रख लिए। 7.5 लाख रुपये और घटना में इस्तेमाल की गई पिस्टल, तमंचे को एक बैग में रखकर दिल्ली वापस जाते समय चूहडपुर अंडरपास के पास सर्विस रोड की झाड़ियों में छिपा दिया।
पुलिस पार्टी को 25 हजार रुपये इनाम की घोषणा
घटना का अनावरण करने वाली पुलिस टीम को डीसीपी साद मियां खान ने 25 हजार रुपये के पुरस्कार की घोषणा की है। इस घटना में थाना बीटा-2 पुलिस के साथ थाना ईकोटेक-1, स्वाट टीम को भी लगाया गया था।