राणा प्रताप मार्ग स्थित सीएसआईआर-एनबीआरआई परिसर रविवार को स्टार्टअप्स की रचनात्मक ऊर्जा से सराब
लखनऊ। राणा प्रताप मार्ग स्थित सीएसआईआर-एनबीआरआई परिसर रविवार को स्टार्टअप्स की रचनात्मक ऊर्जा से सराबोर रहा। उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने दो दिवसीय सीएसआईआर स्टार्टअप कॉन्क्लेव 2025 का शुभारंभ किया। इस कॉन्क्लेव में न सिर्फ आधुनिक तकनीक और स्वास्थ्य क्षेत्र के स्टार्टअप्स की झलक देखने को मिली बल्कि घरेलू परंपराओं से जुड़ी पहलें भी आकर्षण का केंद्र रहीं। कॉन्क्लेव में लगे स्टॉल विविधता और नवाचार की अनोखी तस्वीर पेश कर रहे थे। लखनऊ निवासी कामिनी सिंह ने सहजन के फल से बनी आयुर्वेदिक दवाओं और उससे तैयार उपकरणों का प्रदर्शन किया। बाराबंकी की बिट्टू देवी ने महिला स्वयं सहायता समूह के साथ मिलकर हस्तनिर्मित बेना, पंखा, गमले और मिट्टी के बर्तन को नया रूप देकर स्वरोजगार का उदाहरण पेश किया। वहीं तमिलनाडु निवासी पांडियन ने घास से निर्मित सजावटी और उपयोगी वस्तुएं प्रदर्शित कीं, जिनमें गमले, माला और पंखे शामिल रहे।
इस कॉन्क्लेव में स्वास्थ्य, तकनीक और नवाचार को बढ़ावा देने वाले स्टॉल भी मौजूद थे। आयोजकों के अनुसार यह आयोजन न केवल स्टार्टअप्स को पहचान देने का माध्यम है बल्कि स्थानीय उद्यमिता को प्रोत्साहन देकर आत्मनिर्भरता की दिशा में ठोस कदम है।