सीमा के पास से पुलिस ने छह पासपोर्ट बरामद किए हैं। छठे पासपोर्ट के संबंध में शुक्रवार को उसने कहा कि पहले नेपाल का वीजा लेने के लिए सीमा गुलाम हैदर नाम से आवेदन किया था। वीजा नहीं मिलने पर उसने दोबारा सीमा के नाम से आवेदन किया था। इसके अलावा नेपाल में होटल का रूम भी सचिन ने सीमा को अपनी पत्नी बताकर बुक कराया था। सीमा ने नेपाल के पोखरा से भारत आने के लिए जो बस का टिकट बुक कराया था। वहां भी उसने खुद को भारतीय बताया था। उसने यहां अपना नाम प्रीति बताया था। उसने उसके पास पहचान पत्र होने का भी हवाला दिया। इसके बद बस में भी चेकिंग के दौरान भी उसने खुद को रबूपुरा निवासी सचिन की पत्नी बताया था। आंबेडकर नगर किराये के घर में भी वह हिंदू धर्म और भारतीयता का पालन करती थी। जमानत मिलने के बाद भी उसने पूजा-पाठ आदि कर लोगों का समर्थन जुटा लिया।
पाकिस्तान में है जान को खतरा, शक है तो जांच करा लीजिए
सुप्रीम कोर्ट के वकील एपी सिंह और सचिन मीणा के पिता नेत्रपाल के साथ शुक्रवार को राष्ट्रपति भवन पहुंचे। उन्होंने सीमा की तरफ से दया याचिका दायर की। एपी सिंह का कहना है कि सीमा का अपने पूर्व पति गुलाम हैदर से तलाक हो चुका है। उसने सचिन मीणा संग प्रेम विवाह किया है। सीमा भारतीय संस्कृति से प्यार करती है। अगर उसे पाकिस्तान भेजा गया तो उसकी वहां उसकी जान को खतरा हो सकता है। अगर कोई शंका है तो एजेंसियों को जांच कर लेनी चाहिए। एजेंसियां चाहें तो पॉलीग्राफ और ब्रेन मैपिंग जैसे टेस्ट भी करा सकती हैं। लोग उसके बच्चों पर शक कर रहे हैं, तो उनका डीएन करा लेना चाहिए। लेकिन पूर्व में अन्य विदेशियों को जिस तरह नागरिकता दी गई है, सीमा को सचिन की पत्नी होने के नाते नागरिकता देनी चाहिए।
वायरल हुए सीमा व सचिन के शादी के फोटो
सचिन और सीमा के गले में वरमाला डाले हुए फोटो शुक्रवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुए। सचिन सीमा दावा करते रहे हैं कि उन्होंने नेपाल के काठमांडू स्थित पशुपतिनाथ मंदिर में शादी की है। हालांकि वायरल तस्वीरें कहां की हैं इसकी पुष्टि नहीं हुई है। हालांकि कुछ लोग इन फोटो को रबूपुरा का होने का दावा कर रहे हैं।
एटीएस ने जन्म से लेकर अब तक के पूछे सवाल
सीमा को पुलिस सुरक्षा के बीच शुक्रवार को मीडिया से बातचीत की अनुमति दे दी गई। सीमा ने बताया कि एटीएस ने उससे जन्म से लेकर अब तक के हर तरह के सवाल पूछे। जवाब में उसने सच कहा। सीमा ने बताया कि पाक सेना में सूबेदार बताए जा रहे चाचा से कभी उसका कोई लेना देना नहीं रहा। उसने नेपाल के होटल संचालक और टिकट बुक करने वाले बस एजेंट के दावे को भी झूठा बताया।