मेरठ। सऊदी अरब के जेद्दाह में जिस जैद (26) को मादक पदार्थों की तस्करी के जुर्म में सजा ए मौत की सजा सुनाई गई है वह साल 2022 में रछौती गांव से कार चलाने के लिए गया था। 15 जनवरी 2023 से वह वहां जेल में बंद है। जैद के परिवार से जुड़े गुलजार ने बताया कि जैद छह भाई-बहन हैं। जैद दूसरे नंबर का है। उसका विवाह नहीं हुआ है। वह ड्राइवर है। पिछले साल जनवरी में उसे वहां पकड़ा गया। सूचना मिली कि उससे वहां मादक पदार्थ बरामद हुए हैं। तब से उस पर केस चल रहा था।
सोमवार रात मुंडाली थाने की पुलिस घर जैद के घर आई थी और नोटिस दिया। परिवार को 15 जनवरी 2025 तक का समय दिया है कि वह इस मामले में पैरवी कर सकते हैं। जैद के पिता जुबेर खेतीबाड़ी करते हैं और उसका एक और भाई भी सऊदी में ही नौकरी करता है। जब से उनके परिवार को मौत की सजा की जानकारी मिली है, वे बेहद परेशान हैं। इस मामले में कैसे पैरवी कर सकते हैं।
इस पर मंथन कर रहे हैं। यह मामला अभी सऊदी अरब के आंतरिक मंत्रालय से अनुमोदन की प्रकि्रया में है। एसएसपी डॉ. विपिन ताडा का कहना है कि मुंडाली थाने की पुलिस ने जैद के घर पर नोटिस चस्पा कर दिया है। ब्यूरो