ब्लॉक सभागार में डॉ.भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा पर बैठे कांग्रेस नेता व कार्यकर्ता। स्रोत दल
मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) जस्टिस बीआर गवई पर हुए हमले की घटना को कांग्रेस ने दलित व संविधान पर हमला बताया है। कांग्रेस नेताओं व कार्यकर्ताओं ने ब्लॉक सभागार में डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा के सामने धरना-प्रदर्शन करके घटना पर विरोध दर्ज कराया। उन्होंने कहा कि दलित समाज व संविधान की रक्षा के लिए सभी को एकजुट होकर आगे आना चाहिए।
पूर्व कैबिनेट मंत्री नवप्रभात ने कहा कि यह अत्यंत निंदनीय घटना है और इसे गंभीरता से लिया जाना चाहिए। देश में सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीश तक सुरक्षित नहीं हैं। दलित समाज के सम्मान और संविधान की रक्षा प्रत्येक नागरिक की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
कांग्रेस के एससी प्रकोष्ठ की प्रदेश उपाध्यक्ष डिंपल सिंह ने कहा कि यह घटना केवल एक व्यक्ति पर हमला नहीं बल्कि पूरे दलित समाज के आत्मसम्मान और न्याय के अधिकार पर हमला है। दलित समाज एकजुट होकर संविधान व समाज पर होने वाले हमलों के विरुद्ध लोकतांत्रिक तरीके से लड़ाई लड़ेगा। कांग्रेस सेवा दल के प्रदेश प्रवक्ता भाष्कर चुग ने कहा कि घटना देश के दलित समाज की आवाज को दबाने का प्रयास है।
धरना-प्रदर्शन करने वालों में नगर पालिका अध्यक्ष धीरज बॉबी नौटियाल, कांग्रेस सोशल मीडिया सेल के प्रदेश उपाध्यक्ष बलजीत सिंह, श्रवण ओझा, राजेश पासी, इसम सिंह, बंसी लाल, रोहित कुमार आदि शामिल रहे।