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Noida News: ग्रेटर नोएडा बस अड्डे पर यात्री विश्राम कक्ष नहीं होने से परेशानी

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बुजुर्ग, गर्भवती और बच्चों को खड़े होकर करना पड़ता है बस का इंतजार
संवाद न्यूज एजेंसी
ग्रेटर नोएडा। शहर के बस अड्डे में आवश्यक सुविधाएं नहीं होने से यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। एक ओर सरकार ग्रेटर नोएडा को आधुनिक सुविधाओं से लैस करने में लगी हुई, वहीं दूसरी ओर शहर के प्रमुख बस अड्डे पर विश्राम कक्ष, टिकट खिड़की जैसी जरूरी सुविधाएं नहीं है। भवन भी जर्जर हाल में है। यात्रियों को खड़े होकर इंतजार करना पड़ता है। इससे यात्रियों विशेष रूप से बुजुर्ग, गर्भवती और बच्चों को काफी परेशानी होती है।
ग्रेनो कासना में उत्तर प्रदेश राज्य परिवहन निगम का डिपो और बस अड्डा बना है। बस अड्डे से 117 बसों का 18 रूट पर संचालन होता है। बस अड्डे में एआरएम समेत अधिकारी के दफ्तर मौजूद है। यहां से बसों के संचालन के कारण रोडवेज को आय भी अच्छी होती है। प्रदेश स्तर पर बेहतर संचालन के लिए करीब 11 बार एआरएम को सम्मानित किया जा चुका है। अधिक आय देने, बसों का पूरी क्षमता से उपयोग होने के बाद भी यात्रियों की सुविधा की ओर अधिकारियों का ध्यान नहीं है। बस स्टैंड के शौचालयों में गंदगी रहती है। स्टैंड पर बस का इंतजार करने के लिए यात्रियों के बैठने के लिए विश्राम स्थल नहीं है। बैठने के लिए कुर्सी नहीं होने के कारण यात्रियों को जमीन पर बैठकर या खड़े होकर इंतजार करना पड़ता है।
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सफाई नहीं होने से रहती है गंदगी

ग्रेटर नोएडा का बस स्टैंड जर्जर हाल में है। कई स्थानों से प्लास्टर तक गिर रहा है। सफाई नहीं होती है। धूल और गंदगी रहती है। यात्रियों के लिए शुद्ध पेयजल की भी व्यवस्था नहीं है।
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परिसर पुरानी बसों से भरा, नहीं हुई नीलामी
ग्रेटर नोएडा बस अड्डे का परिसर पुरानी बसों से भरा हुआ है। परिसर में नई बसों से कई गुना अधिक पुरानी बसें खड़ी है। इन बसों की मियाद पूरी हो चुका है। इनकी निगम को नीलामी की जानी है। परिसर बसों का स्टोर सा बन गया है।


ग्रेटर नोएडा बस अड्डा को दुरूस्त करने के लिए ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण को लिखा गया है। -अनिल कुमार शर्मा एआरएम ग्रेटर नोएडा डिपो
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