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फूल रहीं शहर की सांसें, घुट रहा है दम

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सूरजपुर में जलाई गई पराली। - फोटो : Grnoida
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फूल रहीं शहर की सांसें, घुट रहा है दम
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नोएडा/ग्रेटर नोएडा। शहर में प्रदूषण का स्तर लगातार बढ़ता जा रहा है। पूरा एनसीआर इस समय स्मॉग की चादर में लिपटा हुआ है। बढ़ता प्रदूषण जहां बच्चों के स्वास्थ्य पर आफत बना हुआ है। एक शोध के मुताबिक प्रदूषण के असर से बच्चों की लंबाई प्रभावित हो रही है। वहीं, वयस्क समेत बुजुर्गों पर भी खासा असर पड़ रहा है, उनका स्वास्थ्य भी प्रभावित हो रहा है। उधर, प्रशासन और प्रदूषण विभाग ने ग्रेप का उल्लंघन करने पर नोएडा व ग्रेटर नोएडा में 7.60 लाख का जुर्माना लगाया है। बृहस्पतिवार को नोएडा का एक्यूआई 483 और ग्रेनो का 465 रिकार्ड किया गया।
एक शोध के मुताबिक, ये बात सामने आई है कि 1 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर के प्रदूषण में यदि कोई बच्चा पैदा होता तो पांच साल की आयु में उसकी लंबाई 24 सेंटीमीटर कम हो जाती है। साथ ही यह भी खुलासा हुआ है कि नवंबर से जनवरी के बीच पैदा होने वाले बच्चे अधिक प्रभावित होते हैं, क्योंकि उस समय प्रदूषण अधिक होता है। रिपोर्ट के अनुसार, प्रदूषक तत्व पीएम 2.5 से बच्चे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं और इसी का सबसे ज्यादा असर उनकी लंबाई पर पड़ रहा है। इसके अलावा बच्चों में सांस और संक्रमण जैसी बीमारियां भी बढ़ रही हैं। जिला अस्पताल के वरिष्ठ परामर्शदाता डॉ. संतराम ने बताया कि बच्चों को स्मॉग से दूर रखा जाए। जरूरत होने पर ही घर से बाहर भेजा जाए। वहीं, गर्म पानी के साथ पौष्टिक व संतुलित आहार कराया जाए। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन (आईएमए) के अध्यक्ष डॉ. एनके शर्मा ने बताया कि प्रदूषण से सबसे ज्यादा सांस की नली प्रभावित होती है। इसके बाद बुखार, खांसी की शुरुआत होती है और तकलीफ बढ़ती जाती है। बच्चों को सबसे ज्यादा दिक्कत होती है। ऐसे में वह घर के अंदर ही कैद रहें तो अच्छा है।
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नोएडा व गाजियाबाद रहे टॉप पर, एक्यूआई 483
शहर में प्रदूषण का स्तर घटने का नाम नहीं ले रहा है। बृहस्पतिवार को नोएडा व गाजियाबाद का एयर क्वालिटी इंडेक्स एक्यूआई 483 रिकार्ड किया गया। बुधवार को भी नोएडा टॉप पर रहा था। मौसम विभाग ने आज बारिश की संभावना बताई थी। लोगों को बारिश का इंतजार है। इसके बाद ही उन्हें राहत मिलेगी। दिल्ली व ग्रेटर नोएडा में एक्यूआई 465 रहा। फरीदाबाद में 434 और गुरुग्राम में 414 रहा। पूरा शहर रेड जोन में है। मॉनिटरिंग मशीन के मुताबिक, सेक्टर-62 में एक्यूआई 477, सेक्टर-125 में 474, सेक्टर-1 में 497 व सेक्टर-116 में 483 दर्ज किया गया। उधर, ग्रेटर नोएडा और ग्रेनो वेस्ट में कूड़े में आग लगाने और धूल उड़ने का सिलसिला जारी रहा। कई जगहों पर कूड़े में आग जलती मिली। एक्टिव सिटीजन टीम ने सेक्टर डेल्टा-1 की कॉमर्शियल बेल्ट में कूडे़ के ढेर की शिकायत प्राधिकरण से की है। ग्रेनो वेस्ट, ईकोटेक-3 व 130 मीटर रोड के किनारे धूल लगातार उड़ रही है। इससे भी शहर में प्रदूषण का स्तर बढ़ा है। शहर का औसत एक्यूआई 464 रहा है। प्रदूषण के कारण लोगों को सांस लेने और आंखों में जलन की परेशानी हुई। ग्रामीण क्षेत्र के अलावा सूरजपुर के आसपास के खेतों में भी पराली जलाने का सिलसिला जारी है। सूरजपुर वैटलेंड के पास भी खेतों में पराली जलाई जा रही है। बृहस्पतिवार की सुबह खेतों में पराली जलाने के निशान मिले हैं, लेकिन उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (यूपीपीसीबी) और जिला प्रशासन की टीम ध्यान नहीं दे रही है।
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प्रदूषण फैलाने वाली संस्थाओं पर लगाया जुर्माना
नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के नियमों का उल्लंघन करने पर नगर मजिस्ट्रेट नोएडा ने 12 संस्थाओं पर जुर्माना लगाते हुए नोटिस जारी किए हैं। नगर मजिस्ट्रेट ने 9 संस्थाआें पर जुर्माना लगाते हुए 50-50 हजार रुपये के नोटिस जारी किए हैं। इनमें स्वामी/प्रबंधक एनपीसीएल ग्रेटर नोएडा, स्वामी/प्रबंधक ऐश टेक इंडस्ट्रीज प्रा. लि. प्लाट नं-13 उद्योग केंद्र ईकोटेक-3 ग्रेटर नोएडा, स्वामी/प्रबंधक प्लाट नं-46 ईकोटेक-12 ग्रेटर नोएडा, स्वामी/प्रबंधक प्लॉट डी-68/1 यूपीएसआईडीसी साइट-4 सूरजपुर कासना ग्रेटर नोएडा, स्वामी/प्रबंधक डी-73 साइट-4 यूपीएसआईडीसी कासना ग्रेटर नोएडा, स्वामी/प्रबंधक मेसर्स एसीसी लि. प्लाट-13ए/1 उद्योग केंद्र ईकोटेक-3 ग्रेटर नोएडा, स्वामी/प्रबंधक प्लाट नं-24, 25 ईकोटेक-12 ग्रेटर नोएडा, स्वामी/प्रबंधक प्लाट नं-75 ईकोटेक-12 ग्रेटर नोएडा, स्वामी/प्रबंधक उप्र राज्य औद्योगिक विकास प्राधिकरण ग्रेटर नोएडा सम्मलित हैं। इसी प्रकार नगर मजिस्ट्रेट ने दो संस्थाओं ऑटोमोटिव टेक्नोलॉजी प्रा. लि. प्लाट नं-36, सेक्टर-31 ईकोटेक-1 ग्रेटर नोएडा तथा स्वामी/प्रबंधक मेसर्स धर्मपाल सत्यपाल लि. प्लॉट नंबर-2बी, ईकोटेक-1 एक्सटेंशन ग्रेटर नोएडा पर 25-25 हजार रुपये एवं स्वामी/प्रबंधक आरडीसी कंक्रीट इंडिया प्रा. लि. प्लाट नं-74 ईकोटेक-12 ग्रेटर नोएडा पर 1 लाख रुपये का जुर्माना कर नोटिस जारी किया। उधर, प्रदूषण विभाग ने एनजीटी का उल्लंघन करने वालों पर कुल 1 लाख 30 हजार का जुर्माना लगाया है। फेज-2 स्थित प्लॉट नंबर बी-205 के मालिक पर 50 हजार, होजरी कॉम्पलेक्स प्लॉट नंबर डी-168 पर 50 हजार व सेक्टर-51 स्थित डी-85 पर 30 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। इसके अलावा ग्रेटर नोएडा क्षेत्र में यूपीपीसीबी ने निरीक्षण के दौरान सहमल पहलवान कॉम्प्लेक्स के निर्माण कार्य चालू पाया। उस पर 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। गौड़ सिटी में शिव पार्वती बिल्डिंग मैटेरियल पर 5 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
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