संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला सिटी। धूलकोट गांव में तेंदुए का डर शनिवार को भी गांव के लोगों में दिखा। लोगों ने पूरा दिन डर में गुजारा। सुबह से शाम तक वन्य जीव प्राणी, पुलिस, वंदे मातरम् दल और ग्रामीणों ने सर्च अभियान चलाया, लेकिन इसका कुछ पता नहीं चल पाया। गांव में कई जगहों पर लोग मंडली बनाकर भी खड़े दिखे और लोगों की जुबान पर तेंदुए घुसने की बातें चलती रही। वहीं, गांव के राजकीय माध्यमिक स्कूल से विद्यार्थियों को गांव के ही प्राथमिक स्कूल में स्थानांतरित कर उनकी वहां परीक्षा कराई गई। स्कूल में भी सर्च अभियान चलाया गया।
रात में डर के कारण सो नहीं पाए, दिन भी डर में बीता
गांव के युवक गौरव ने बताया कि उनकी किराना की दुकान है। शुक्रवार रात से ही मन में डर बैठा हुआ है कि कहीं किसी तरफ से तेंदुआ न आ जाए। रात में डर के कारण सो नहीं पाए। शनिवार का दिन भी ऐसा ही बीत गया, लेकिन उसका कुछ पता नहीं चल पाया। इस वजह से लोगों में डर है और बच्चों को भी माता-पिता बाहर नहीं निकलने दे रहे ताकि वह सुरक्षित रह सकें। राजकीय माध्यमिक स्कूल के मुख्याध्यापक सुनील कुमार ने बताया कि सुरक्षा के लिहाज से स्कूल के विद्यार्थियों की परीक्षा प्राथमिक विंग में कराई गई। स्कूल में 43 विद्यार्थी पढ़ाई कर रहे हैं। उन्होंने इस बारे में उच्च अधिकारियों को भी सूचित किया। विभागीय निर्देशानुसार ही आगामी फैसला लिया जाएगा।
सर्च अभियान चलाया, लेकिन नहीं मिली कोई जानकारी
वन्य जीव प्राणी विभाग से इंस्पेक्टर राकेश कुमार ने बताया कि शुक्रवार-शनिवार रातभर उन्होंने पुलिस और वंदे मातरम् दल के साथ संयुक्त सर्च अभियान चलाया। शनिवार को भी दिनभर सर्च अभियान चलाया गया। गांव के साथ ही स्कूल में भी जाकर चेक किया गया, लेकिन तेंदुए का कुछ पता नहीं चल पाया। बलदेव नगर थाना एसएचओ धर्मवीर ने बताया कि सर्च अभियान लगातार चलाया जा रहा है। शनिवार शाम तक भी तेंदुए का पता नहीं चल सका।
धूलकोट गांव में शनिवार को सर्च अभियान चलाते हुए वन्य जीव प्राणी विभाग टीम व ग्रामीण। संवाद- फोटो : आयोजक