-अस्थाई मंडी में भरा पानी, ट्रैक्टर-ट्रालियों में धान वापस ले जाने को मजबूर किसान
संवाद न्यूज एजेंसी
रबूपुरा। बारिश के कारण रबूपुरा की अस्थाई धान मंडी दूसरे दिन मंगलवार को भी बंद रही। मंडी में धान भीगने और पानी भरने से बिक्री नहीं हो सकी। किसानों को अपनी उपज ट्रैक्टर-ट्रालियों में भरकर वापस ले जाना पड़ा। सरकारी मंडी नहीं होने से खुले में रखा धान बारिश की चपेट में आ गया, जिससे किसानों और आढ़तियों की परेशानी बढ़ गई। रबूपुरा में सरकारी मंडी नहीं होने के कारण आढ़ती पिछले कई वर्षों से किराये की जमीन पर रबूपुरा-मिर्जापुर मार्ग के पास अस्थाई मंडी लगाते हैं। यहां 50 से अधिक गांवों के किसान धान बेचने पहुंचते हैं। रविवार रात और सोमवार को हुई बारिश ने मंडी की व्यवस्था बिगाड़ दी। किसान जगदीश सिंह, विशाल सिंह और जमील खां ने कहा कि सरकारी मंडी होती तो ऐसी परेशानियों से बचा जा सकता था। उन्होंने क्षेत्र में सरकारी धान मंडी बनवाने की मांग की।
बारिश से धान की फसल को नुकसान-
खराब मौसम ने धान उत्पादक किसानों की चिंता बढ़ा दी है। बारिश के कारण खेतों में पककर तैयार खड़ी फसल की कटाई और झड़ाई का काम भी प्रभावित हुआ है। किसान जगजीत सिंह और ओमान सिंह ने बताया कि बेमौसम बारिश से धान की फसल को नुकसान पहुंचा है। पिछले दिनों हुई बारिश से भी फसल प्रभावित हुई थी।