नोएडा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को सेक्टर-21ए में बहुउद्देशीय इंडोर स्टेडियम का लखनऊ से लोकार्पण किया। इसके बाद उन्होंने 65वीं पुरुष नेशनल सीनियर फ्री स्टाइल कुश्ती चैंपियनशिप का भी ऑनलाइन उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि देश में जिस प्रकार की योजनाएं तेजी के साथ नोएडा, ग्रेटर नोएडा व यमुना प्राधिकरण में आगे बढ़ रही हैं, यह अलग-अलग जिले, महानगरों के साथ ही लोगों के लिए भी विकास के मानक तैयार कर रही हैं।
उन्होंने कहा कि नोएडा और ग्रेटर नोएडा को विशेष अवसर प्राप्त हो रहा है। उन्हें अक्सर यह शिकायत मिलती थी यहां खेलों की गतिविधि के लिए अपेक्षित विकास नहीं हो रहा है। अब नोएडा के इंडोर स्टेडियम में अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधा मुहैया कराई गई है। यहां एक साथ कई खेलों की गतिविधियां चलाई जा सकती हैं। कोरोना काल की वजह से काफी समय से खेलों की गतिविधियां बंद पड़ी हुई थीं, लेकिन अब यहां राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता का आयोजन किया गया है, जो प्रशंसनीय है। यह देश और प्रदेश के अलावा पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए बेहद महत्वपूर्ण अवसर है। यहां प्रतियोगिता में भाग लेने वाले पहलवान अंतरराष्ट्रीय मंच पर भी देश का नाम रोशन करने का काम करेंगे। वहीं, लखनऊ से मुख्यमंत्री के अलावा कार्यक्रम से ऑनलाइन जुड़ने वालों में औद्योगिक विकास मंत्री सतीश महाना, खेल राज्य मंत्री उपेंद्र तिवारी, औद्योगिक विकास आयुक्त आलोक टंडन, अपर मुख्य सचिव औद्योगिक विकास, प्रमुख सचिव सूचना, प्रमुख सचिव खेल सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
मेरठ में स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी बनाने पर चल रहा काम
योगी ने कहा कि नोएडा के इंडोर स्टेडियम से विभिन्न जिलों के खिलाड़ियों को आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलेगी। केंद्र सरकार के स्तर पर भी खिलाड़ियों के लिए काफी प्रयास किए जा रहे हैं। राज्य सरकार भी अपने स्तर पर सुविधाएं दिला रहा है। मेरठ में स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी बनाने का संकल्प लिया गया है। इस पर काम चल रहा है।
खेलकूद की गतिविधियां ही सफलता का राज
मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे सामान्य जीवन में भी सफलता का राज खेलकूद की गतिविधियों का होना है। इंडोर स्टेडियम खेलकूद की गतिविधियों को आगे बढ़ाने का एक मंच प्रदान करने का काम करेगा। जब तक कोरोना का पूरी तरह से अंत नहीं हो जाता। लोगों को केंद्र व राज्य सरकार की गाइडलाइंस का पालन करना है।
15 फरवरी तक पूरा होगा पहले चरण के टीकाकरण का काम
उन्होंने कहा कि टीकाकरण कार्यक्रम का पहला चरण 15 फरवरी तक पूरा हो जाएगा। इसके बाद दूसरे चरण का काम शुरू होगा। पहले चरण में स्वास्थ्यकर्मियों का टीकाकरण कराया गया। एक लाख स्वास्थ्यकर्मियों के टीकाकरण का काम हुआ है जो लक्ष्य तय किया गया था। उसका 71 प्रतिशत लक्ष्य पा लिया गया है। हमारा प्रयास यह होगा कि भारत सरकार ने जिस प्रकार की गाइडलाइंस बनाई हैं। उसके तहत हर जरूरतमंद को इस सुविधा का लाभ प्रदान मिले।