कई ऑटो चालक इलेक्ट्रिक ऑटो व ई-रिक्शा खरीदकर चला रहे
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। जिले में दो वर्ष से एनसीआर परमिट जारी न होने के चलते ऑटो चालकों में परिवहन विभाग के प्रति रोष है। एसोसिएशन विभाग से लगातार मांग कर रही हैं। ऑटो चालकों का कहना है कि मांग करने के बाद भी विभाग द्वारा उनकी बात नहीं सुनी जा रही है। जाहिर है कि दो वर्ष पहले परिवहन विभाग ने नोएडा व गाजियाबाद के लिए एनसीआर परमिट निकाले थे लेकिन एसोसिएशन की आपत्ति के बाद हाइकोर्ट में मामला चला गया था। फिलहाल मामले में सुनवाई चल रही है लेकिन एसोसिएशन का कहना है कि विभाग ने एनसीआर ऑटो की कमी देखने के बाद भी नए परमिट जारी नहीं किए हैं।
वहीं नए परमिट जारी न होने की वजह से कई ऑटो चालक तो इलेक्ट्रिक ऑटो व ई-रिक्शा खरीदकर चला रहे हैं। दरअसल, उत्तर प्रदेश में इन्हें परमिट फ्री किया हुआ है। ऐसे में इनके संचालन से अपनी रोजी रोटी कमा रहे हैं। नोएडा ऑटो रिक्शा चालक एसोसिएशन के अध्यक्ष लाल बाबू का कहना है कि चालकों की ओर से कई बार पत्र लिखकर परमिट की मांग भी की गई है लेकिन कोई मानने को राजी नहीं है। वहीं नोएडा सीएनजी ऑटो चालक एसोसिएशन अध्यक्ष ओम प्रकाश गुर्जर का कहना है कि नए परमिट जारी होने के बाद एनसीआर रूट पर भी सीएनजी ऑटो की उपलब्धता बढ़ जाएगी।
जिले में कुल सीएनजी ऑटो की संख्या 17 हजार से अधिक है। इनमें करीब सात हजार ऑटो ऐसे हैं जो एनसीआर रूट के हैं। बाकी जिले में ही संचालित होते हैं। दो वर्ष पूर्व एनसीआर रूट पर चलने वाले ऑटो की संख्या नौ हजार से अधिक थी पर धीरे-धीरे इनकी संख्या घट रही है। इससे लोगों को भी परेशानी झेलनी पड़ रही है। एनसीआर में एक हजार नए ऑटो परमिट जारी करने का मामला हाईकोर्ट में फंसा है। आवेदन प्रक्रिया पर नोएडा सीएनजी ऑटो एसोसिएशन की तरफ से हाईकोर्ट में याचिका दायर करने के कारण रोक लगी हुई है। परिवहन विभाग की तरफ से एक हजार नए एनसीआर ऑटो परमिट देने के लिए आवेदन प्रक्रिया प्रस्तावित की थी। नोएडा और गाजियाबाद को 500-500 ऑटो परमिट जारी करने की छूट थी। इस आवेदन प्रक्रिया पर नोएडा की ऑटो यूनियनों के बीच रार छिड़ने के बाद एक यूनियन हाईकोर्ट चली गई। वहां आरोप लगाया गया कि इस मामले में परिवहन विभाग स्तर पर धांधली चल रही है। हाइकोर्ट ने कई सुनवाइयों के बाद इसपर फिलहाल स्टे लगा दिया है।
साठगांठ का आरोप
नोएडा सीएनजी ऑटो चालक एसोसिएशन के अध्यक्ष चौधरी ओमप्रकाश गुर्जर ने 1000 नए एनसीआर ऑटो परमिट जारी करने के लिए एक ऑटो एजेंसी से साठगांठ का आरोप लगाया था। हाईकोर्ट में दाखिल याचिका में कहा गया कि योजना 27 मार्च 2023 को लॉन्च हुई थी, लेकिन नोएडा की एक ऑटो एजेंसी 23 जनवरी 2023 तक 998 बुकिंग कर चुकी थी। इससे पता चलता है की योजना लॉन्च होने से 4 महीने पहले अधिकारियों ने ऑटो एजेंसी से मिलकर इसकी सूचना लीक करवाई।
इलेक्ट्रिक ऑटो के संचालन में तेजी आई है। ऑटो की संख्या तेजी से बढ़ रही है, जिसकी वजह से सीएनजी ऑटो की कमी फिलहाल नहीं खल रही है। बाकी कोर्ट में मामला हल होने के बाद पुराने परमिट फिर से जारी हो जाएंगे।
-आरटीओ प्रमोग कुमार