परिजनों ने बताया कि मुस्कान की बरात कासना गांव से आई थी। सेना के जवान भी जानकारी होने पर शादी में पहुंच गए। हालांकि परिजनों को इसका पता नहीं था। जवान वर्दी में थे। जब बलिदानी सुरेश सिंह भाटी की पत्नी सरोज देवी ने पंडाल में जवानों को देखा तो वो भावुक हो गईं।
बलिदानी के भाई एडवोकेट पवन भाटी ने बताया कि उनकी भतीजी मुस्कान भाटी की शादी कासना के विजय चपराणा के साथ हुई है। उनके बलिदानी भाई सुरेश का बड़ा बेटा हर्ष भाटी भी सेना में है। वे इस समय में कश्मीर के बारामूला में तैनात हैं। उन्होंने बताया कि शादी में शामिल होने के लिए परिवार की तरफ से पंजाब फिरोजपुर स्थित सेना की छावनी में शादी का निमंत्रण भेजा गया था। जिस पर 50 से अधिक जवान शादी समारोह में शामिल हुए। जो बलिदानी सुरेश के साथी थे। शादी का पंडाल गांव के बाहर बलिदानी के स्मृति स्थल के पास लगाया गया। जहां जवानों ने बलिदानी की प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर नमन किया।