मूलरूप से गजरौला पीलीभीत निवासी नारायण लाल अपने परिवार के साथ रोजा जलालपुर में रहकर दिहाड़ी काम करते हैं। उनका दामाद पप्पू लाल (22) करीब 10 दिन पहले ही पीलीभीत से ग्रेटर नोएडा में उनके पास रहने के लिए आया था। सोमवार को दिन में नारायण लाल और उनकी पत्नी काम पर गए हुए थे। घर पर पप्पू लाल अपनी पत्नी जसवंती (21) और साले तेज प्रकाश (6) के साथ मौजूद था।
शाम करीब साढ़े चार बजे पप्पू लाल ने किसी बात को लेकर पहले पत्नी जसवंती और फिर अपने मासूम साले तेज प्रकाश पर हमला कर दिया। दोनों को गंभीर चोटें आईं और मौके पर ही उनकी मौत हो गई।
घटना के बाद पप्पू लाल ने खुद को कमरे में बंद कर लिया और पंखे के हुक से फंदा लगाकर जान दे दी। घटना की जानकारी मिलते ही आसपास के लोग मौके पर जुट गए। सूचना पर पुलिस और उच्चाधिकारी भी मौके पर पहुंचे। फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए है।
पुलिस के अनुसार प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि पप्पू लाल मानसिक रूप से अस्वस्थ था और इसी कारण उसने यह कदम उठाया। वहीं डीसीपी सेंट्रल नोएडा शक्ति मोहन अवस्थी ने बताया कि शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है। परिजनों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं। मामले की गहन जांच की जा रही है।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
इस घटना से पूरे गांव में सन्नाटा पसर गया है और हर कोई स्तब्ध है कि आखिर कैसे एक युवक ने इतनी निर्मम वारदात को अंजाम दे डाला। पप्पू लाल कई दिनों से मानसिक तनाव से जूझ रहा था। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाला है। युवक की कुछ माह पहले ही शादी हुई थी। इस दौरन परिवार के लोग खुश थे। उन्होंने कभी सोचा नहीं था कि पप्पू लाल यह कद उठा सकता है।