ग्रेटर नोएडा। मेरठ ईओडब्ल्यू की टीम ने बाइक बोट फर्जीवाड़े के मास्टरमाइंड बीएन तिवारी को 2 दिन की रिमांड पर लेकर उसकी निशानदेही पर बड़ी बरामदगी की है। टीम ने मुख्य आरोपी संजय भाटी के चीती गांव से वेस्ट टू एनर्जी प्लांट बरामद किया है। इस की ओर से जुड़े बरामद अन्य सामान की कीमत 6 करोड़ रुपये बताई गई है और इसका वजन 30 टन है। यह मशीन पराली कूड़ा आदि से बिजली बनाने के काम में आती है।
ईओडब्ल्यू मेरठ के एसपी राम सुरेश यादव की टीम ने बीएन तिवारी को अदालत के आदेश पर गौतम बुद्ध नगर जिला कारागार से 2 दिन की रिमांड पर लिया था। टीम आरोपी को लखनऊ के अलावा संजय भाटी के चीती गांव भी लेकर गई। यहां आरोपी आदेश भाटी और विदेश भाटी के घेर से पराली में दबा कर रखा गया साढ़े चार करोड़ कीमत का वेस्ट टू एनर्जी प्लांट, डेढ़ करोड़ कीमत का डीजी सेट अल्टीनेटर और कंडेनसर बरामद किया। बताया गया है कि बीएन तिवारी वेस्ट टू एनर्जी प्लांट लगाने के कारोबार से भी जुड़ा था और चीती गांव से बरामद प्लांट उसने फर्जीवाड़े की रकम से खरीदा था। संजय भाटी और उसके साथियों ने कोट गांव स्थित मुख्य दफ्तर पर निवेशकों के दबाव पढ़ने पर कार्यालय चीती गांव में शिफ्ट कर लिया था। इसके बाद बीएन तिवारी के इशारे पर ही उसकी कंपनी आदि से जुड़े हुए साक्ष्य मिटाने के लिए दफ्तर में आग लगाई गई थी। इस दौरान निवेशकों ने उसके गांव पहुंचकर जमकर हंगामा किया था और पुलिस को भी सूचना दी थी।