लव जिहाद से पीड़ित महिलाओं की आपबीती पर विशेष संवाद कार्यक्रम में सीएम ने की शिरकत
पीड़ित महिलाओं ने कहा-भरोसे और सपनों के नाम पर हुआ बड़ा धोखा
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
लव जिहाद से पीड़ित महिलाओं की आपबीती पर रविवार को आधारित विशेष संवाद कार्यक्रम में प्रदेशभर से आई महिलाओं ने दर्द और अनुभव साझा किए। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि प्रेम विवाह स्वीकार्य है लेकिन उसकी आड़ में धर्म परिवर्तन की साजिश किसी भी रूप में मंजूर नहीं।
कॉन्स्टीट्यूशन क्लब के स्पीकर हॉल में रविवार को आयोजित विशेष संवाद कार्यक्रम में देश के विभिन्न हिस्सों से आई लव जिहाद पीड़ित महिलाओं ने आपबीती सुनाई। विश्व हिंदू परिषद और आर्ष विद्या समाजम के इस कार्यक्रम में महिलाओं ने बताया कि किस तरह भरोसा, प्रेम और भविष्य के सपनों का हवाला देकर उन्हें धोखे का शिकार बनाया गया। कई महिलाएं अपनी कहानी सुनाते हुए भावुक हो गईं। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत में प्रेम विवाह की परंपरा रही है। लोग अपनी पसंद से जीवनसाथी चुनते हैं और समाज इसे स्वीकार करता है लेकिन प्रेम के नाम पर धर्म परिवर्तन के लिए बहकाना या झूठे जाल में फंसाना किसी भी रूप में स्वीकार नहीं किया जा सकता। अगर कोई लड़की अपनी पसंद से विवाह करती है तो वह उसका अधिकार है लेकिन उसके भरोसे का फायदा उठाकर उसे धर्म परिवर्तन के लिए मजबूर करना अपराध है।
ऐसे षड्यंत्रों पर सख्त कार्रवाई होगी
मुख्यमंत्री ने कहा कि कई बेटियां अपने दर्द के बावजूद सामने आई हैं और पूरी हिम्मत से इस मानसिक और सामाजिक शोषण को उजागर कर रही हैं। उनकी यह हिम्मत दूसरी बेटियों के लिए बड़ा संदेश है। उन्होंने पीड़ित महिलाओं के साहस की सराहना करते हुए कहा कि सरकार उनके साथ मजबूती से खड़ी है और हर तरह की मदद उपलब्ध कराई जाएगी। लंबे समय तक ऐसे मामलों को नजरअंदाज किया जाता रहा जिसके कारण अपराधियों को बढ़ावा मिला लेकिन अब ऐसे षड्यंत्रों पर सख्त कार्रवाई होगी। एक मां और बेटी होने के नाते वह पीड़ित महिलाओं के दर्द को सिर्फ सुन नहीं रहीं बल्कि भीतर तक महसूस कर रही हैं।
बेटियों के दोस्त बने परिवार और समाज
सीएम ने परिवारों और समाज से भी अपील की कि बेटियों से संवाद बढ़ाएं, उनके दोस्त बनें ताकि वे बिना झिझक हर बात साझा कर सकें। सुरक्षित माहौल देना केवल सरकार की नहीं पूरे समाज की जिम्मेदारी है। कार्यक्रम में डॉ. अतिरा की पुस्तक का विमोचन भी किया गया जिसमें पीड़ित महिलाओं की सच्ची कहानियां दर्ज हैं। आयोजकों ने कहा कि यह किताब हर अभिभावक और युवती के लिए महत्वपूर्ण दस्तावेज साबित होगी। कार्यक्रम में विश्व हिंदू परिषद के दिल्ली प्रांत अध्यक्ष कपिल खन्ना सहित कई महत्वपूर्ण लोग उपस्थित रहे।