मंत्री प्रवेश वर्मा हरियाणा सरकार के साथ उठाएंगे मुद्दा, बाढ़ से सुरक्षा मजबूत करने के लिए जरूरी
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
दिल्ली सरकार आईटीओ बैराज का नियंत्रण अपने पास लेकर राजधानी को बाढ़ के खतरों से बेहतर सुरक्षा देने की योजना बना रही है। बुधवार को सिंचाई बाढ़ नियंत्रण विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इसके लिए हरियाणा सरकार से औपचारिक अनुरोध किया जाएगा। 2023 की बाढ़ के दौरान इस बैराज के कई गेटों की खराबी ने मुश्किलें बढ़ाई थीं। ऐसे में सरकार को इसकी अहमियत पता है। अब दिल्ली सरकार इसे अपने नियंत्रण में लेकर तेज और प्रभावी बाढ़ प्रबंधन सुनिश्चित करना चाहती है।
2023 में आई बाढ़ ने दिल्ली को भारी नुकसान पहुंचाया था। उस समय आईटीओ बैराज के कई गेट खराब होने से यमुना का जलस्तर नियंत्रित करना मुश्किल हो गया था। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सभी गेटों की मरम्मत कर दी गई है और उनकी लगातार निगरानी की जा रही है ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति न आए। इसके बावजूद आपात स्थिति में तेजी से फैसले लेने के लिए बैराज का पूर्ण नियंत्रण दिल्ली के पास होना जरूरी है। इसके लिए दिल्ली सरकार पहले भी हरियाणा को पत्र लिख चुकी है।
मंत्री से योजना को मिली हरी झंडी
सिंचाई एवं बाढ़ नियंत्रण मंत्री प्रवेश वर्मा ने योजना को हरी झंडी दी है। उन्होंने कहा कि हम हरियाणा सरकार से बैराज को दिल्ली के हवाले करने का अनुरोध करेंगे। यह कदम दिल्लीवासियों के लिए राहत की बात है क्योंकि आईटीओ बैराज यमुना के जलस्तर को नियंत्रित करने में अहम भूमिका निभाता है।
सौहार्दपूर्ण ढंग से हल निकालेगी सरकार
दिल्ली सरकार का मानना है कि बैराज का नियंत्रण मिलने से बाढ़ प्रबंधन में तेजी आएगी और आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई हो सकेगी। इससे न केवल दिल्लीवासियों की जान-माल की रक्षा होगी बल्कि बाढ़ से होने वाले आर्थिक नुकसान को भी कम किया जा सकेगा। सरकार इस मुद्दे को हरियाणा के साथ सौहार्दपूर्ण ढंग से हल करने को तैयार है। इस पहल से दिल्ली में बाढ़ प्रबंधन का ढांचा और मजबूत होगा जिससे भविष्य में 2023 जैसी त्रासदी से बचा जा सकेगा।