सीतापुर। मैडम दहेज की मांग पूरी न होने पर मेरे पति ने मरणासन्न होने की स्थिति तक मारापीटा हैं। आरोपी पति पर एफआईआर दर्ज कराने के बाद भी पुलिस उस पर कोई कार्रवाई नहीं कर रही हैं। वह खुलेआम मुझे जान से मारने की धमकी दे रहा हैं। न्याय पाने के लिए 60 किलोमीटर दूर पुलिस थाने तक की दौड़ लगाना पड़ रही है। यह गुहार एक पीड़िता ने जनसुनवाई के दौरान राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डॉ. बबिता सिंह चौहान के समक्ष लगाई। इसके साथ ही कई महिलाओं ने सुनवाई के दौरान विधवा पेंशन व वृद्धा पेंशन नहीं मिलने की परेशानी बया की। नेरी की रहने वाली स्वाती ने बताया कि मेरा विवाह हरदोई जिले के पेनीपुरवा निवासी पति भूपेंद्र प्रताप के साथ 22 फरवरी 2023 में हुआ था। सरकारी कर्मचारी होने के बाद भी शादी के बाद से ही पति व उसके घर वाले दहेज उत्पीड़न को लेकर मारते-पीटते थे। 19 सितंबर की 2025 की रात मेरे आरोपी पति ने कमरा बंद करके डंडों से मारापीटा। आरोपी पति पर हरदोई के कोतवाली देहात में एफआईआर दर्ज कराने के बाद भी पुलिस कोई कार्रवाई नहीं कर रही हैं। बताया कि गांव से हरदोई की दूरी 60 किलोमीटर हैं।
हरदोई में कई बार प्रार्थना पत्र जिम्मेदारों को दिया गया हैं, लेकिन न्याय नहीं मिल पा रहा हैं। उधर विद्या देवी ने बताया कि वृद्धा पेंशन नहीं मिल रही हैं। इसको लेकर अधिकारियों को प्रार्थना पत्र दिया था, इसके बाद भी कोई सुनवाई नहीं हुई। इसलिए मैडम को भी प्रार्थना पत्र देकर पेंशन दिलाएं जाने की मांग की हैं। वहीं रामश्री का कहना हैं कि एक बार विधवा पेंशन आई हैं। उसके बाद से पेंशन नहीं मिली हैं। इसको लेकर अधिकारियों को प्रार्थना पत्र देकर अवगत कराया था, लेकिन समस्या का हल नहीं हुआ हैं।