माई सिटी रिपोर्टर
गेटर नोएडा। विशेष न्यायाधीश एससी/एसटी एक्ट की अदालत ने प्लॉट खरीद-फरोख्त विवाद में दर्ज मामले में नामजद आरोपी सुनील की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी। अदालत ने कहा कि प्रकरण में आरोपी पर हत्या के प्रयास जैसे गंभीर आरोप हैं और विवेचना अभी जारी है। ऐसे में अग्रिम जमानत दिए जाने का कोई आधार नहीं बनता।
मामला थाना दनकौर से जुड़ा है। अभियोजन के अनुसार वादी दिनेश कुमार ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसे एक आवासीय प्लॉट की आवश्यकता थी। इस दौरान उसकी मुलाकात राजेश शर्मा से हुई थी। जिसने सेक्टर सिग्मा-4, ग्रेटर नोएडा स्थित मकान बेचने की बात कही। आरोप है कि वादी ने राजेश शर्मा को 5 लाख रुपये आरटीजीएस के माध्यम से और 6 लाख रुपये नकद दिए। शिकायत के मुताबिक 29 नवंबर 2025 को राजेश शर्मा ने वादी को फोन कर गांव झालड़ा बुलाया था। जब वादी अपने साथियों ज्ञानेन्द्र, कपिल बंसल और किरनपाल के साथ वहां पहुंचा, तो पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने हमला कर दिया। आरोप है कि राजेश शर्मा के साथ मौजूद सुनील, सुधीर उर्फ कदीरा, चन्द्रास सहित अन्य लोगों ने गाली-गलौज करते हुए फायरिंग की और वादी व उसके साथियों को कार से खींचकर मारपीट की। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने जमानत अर्जी खारिज कर दी।