-कासना कोतवाली क्षेत्र में औद्योगिक भूखंड को लेकर विवाद
-कोर्ट के आदेश पर तीन माह बाद दर्ज हुआ मुकदमा
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। सेक्टर साइट-5 में स्थित एक औद्योगिक भूखंड को लेकर भूखंड मालकिन के साथ करीब 28 लाख रुपये की ठगी और मारपीट का मामला सामने आया। कासना कोतवाली पुलिस ने अदालत के आदेश पर करीब तीन महीने बाद छह लोगों के खिलाफ बुधवार को प्राथमिकी दर्ज की है।
दिल्ली निवासी रेशुका कुमारी का कहना है कि वह कासना स्थित साइट-5 औद्योगिक भूखंड की एकमात्र स्वामिनी हैं। वर्ष 2022 में उन्होंने यह संपत्ति नरेंद्र चौधरी और देवेश राघव को किराये पर दी थी। शुरुआती 11 महीनों में दोनों किरायेदारों ने समय पर किराये का भुगतान नहीं किया। इतना ही नहीं, संपत्ति पर कब्जा करने की नीयत से दोनों ने एक सिविल वाद अदालत में दायर कर दिया। जिसमें झूठे दस्तावेज पेश किए गए, हालांकि अदालत ने विपक्षी के पक्ष में कोई निषेधाज्ञा जारी नहीं की।
15 मई 2026 को सुबह करीब 9 बजे जब रेशुका कुमारी अपनी मां के साथ संपत्ति पर पहुंचीं तो पाया कि विपक्षीगण अपना सामान समेटकर फरार हो चुके थे। आरोप है कि भूखंड को काफी नुकसान पहुंचाया गया था इसी दौरान बृजेश नाम का एक व्यक्ति और दो अज्ञात लोग बाहर मौजूद थे। जैसे ही मां-बेटी अंदर पहुंचीं, आरोप है कि तीनों जबरन अंदर घुस आए, गाली-गलौज करते हुए बृजेश ने पीड़िता के साथ छेड़छाड़ की और धमकी दी कि वह राहुल शर्मा, नरेंद्र चौधरी व देवेश राघव के इशारे पर काम कर रहे हैं। किराये और संपत्ति को हुए नुकसान का हर्जाना मिलाकर करीब 28 लाख रुपये बकाया है। आरोप है कि संपत्ति के पते पर पंजीकृत मै विश्वनाथ तम्बाकू प्रोडक्ट्स नामक फर्म पर जीएसटी/एक्साइज विभाग की करीब 2 करोड़ रुपये की बकाया राशि है। जिसका भुगतान किए बिना आरोपी संपत्ति खाली कर फरार हो गए।