ग्रेटर नोएडा के सेक्टर-148 मेट्रो स्टेशन के सामने नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे पर स्लीपर बस में लगी भीषण आग में कई लोगों के सपने और उनकी मेहनत की कमाई पलभर में राख हो गई। किसी का मोबाइल फोन जल गया तो किसी की दुकान के लिए खरीदा करीब दो से तीन लाख रुपये का सामान। यात्री पूजा कुमारी ने बताया कि वह बिहार जा रही थीं। वहां अपनी छोटी-सी कॉस्मेटिक की दुकान खोलने का सपना देखा था। वह दिल्ली सामान खरीदने आई थीं। इसके लिए लोगों से उधार लेकर करीब दो से तीन लाख रुपये जुटाए थे। हादसे में उनके सपने भी राख हो गए। यह बताते हुए उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। उन्होंने कहा, “अब मेरे पास कुछ भी नहीं बचा है। ऊपर से इतना कर्ज भी हो गया है। समझ नहीं आ रहा कि कर्ज कैसे चुकाऊंगी।”
घरवालों को कैसे बताऊं कि सुरक्षित हूं...
अंजरी खातून ने बताया कि अचानक बस के अंदर धुआं उठता देखा तो वह काफी डर गईं। जैसे-तैसे बस से बाहर निकलकर अपनी जान बचाई। उनके पास ज्यादा सामान नहीं था, लेकिन मोबाइल फोन भी जलकर राख हो गया। अब सबसे बड़ी चिंता यह है कि उन्हें घर का नंबर भी याद नहीं है। परिवार वाले न जाने कितने परेशान होंगे। वह उन्हें कैसे बताएं कि वह सुरक्षित हैं?
राख हो गए रुपये
यात्री सुजीत ने बताया कि कई महीनों से पैसे जोड़कर रखे थे, ताकि एक बाइक खरीद सकें। इसी वजह से वह घर जा रहे थे। उन्होंने अपनी जमा-पूंजी बैग में रखी थी, लेकिन आग में रुपये भी जल गए। उन्होंने कहा, “अब मेरे पास कुछ भी नहीं बचा।”
यात्रियों ने बयां किया दर्द...
मैं लाल किला से बैठा था। अचानक बस में धुंआ उठने लगा। आगे से आवाज आई कि बाहर निकालो। बाहर निकलने के कुछ ही सेकंड बाद आग ने भयानक रूप ले लिया। बस के अंदर घर का जरूरी सामान और बच्चों के कपड़े थे जो जलकर राख हो गए। -राकेश, यात्री, समस्तीपुर
मैं दिल्ली में कामगार हूं। सुबह काम पर गया था। दोपहर में छुट्टी लेकर घर के लिए निकल पड़ा। बस में सफर के दौरान मैं थकान की वजह से सो गया था। अचानक आंख खुली तो देखा कि लोग घबराकर इधर-उधर भाग रहे हैं और बस में धुआं भर गया है। रूबल यादव, यात्री, समस्तीपुर
दिल्ली से बिहार अपने घर जा रही थी। रास्ते में अचानक बस में आग लग गई। इसमें मेरा जरूरी सामान जलकर राख हो गया। बड़ी मुश्किल से अपनी जान बचाकर बाहर निकली। अब समझ नहीं आ रहा कि घर कैसे जाऊं? राधा, यात्री, बिहार
सीएम योगी ने लिया संज्ञान
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने घटना का संज्ञान लेते हुए अधिकारियों को तत्काल मौके पर पहुंचकर राहत और बचाव कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से घायलों के समुचित उपचार की व्यवस्था कराने और परिजनों से संपर्क कर उन्हें हर संभव मदद उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
तीन साल में हो चुके हैं 36 चालान
बस बिहार के गोपालगंज में पंजीकृत है। पिछले तीन साल में इसके खिलाफ 36 चालान हुए हैं और एक लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जा चुका है। एआरटीओ प्रवर्तन डॉ. उदित नारायण पांडेय के अनुसार, जांच में सामने आया कि बस का पंजीकरण 20 अक्टूबर 2023 को हुआ था। वाहन का फिटनेस प्रमाणपत्र 19 अक्टूबर 2027 तक वैध है। दस्तावेज में ऑल इंडिया टूरिस्ट परमिट (एआईटीपी) की अवधि 28 अक्टूबर 2026 तक दर्ज है। वाहन का टैक्स भी 19 जनवरी 2027 तक दर्ज है।
ऑनलाइन चालान रिकॉर्ड की जांच में भी इस वाहन के खिलाफ कार्रवाई सामने आई। इनमें 28 फरवरी 2025 को सड़क सुरक्षा मानकों, शोर और वायु प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े उल्लंघन के लिए 13,500 रुपये का चालान शामिल है। 5 अक्टूबर 2025 को नो पार्किंग में वाहन खड़ा करने पर 500 रुपये का चालान हुआ था। वहीं, अन्य नियमों के उल्लंघन में 34 अन्य चालान भी लंबित हैं। अधिकतर चालान दिल्ली-एनसीआर में हुए हैं।
उल्लेखनीय है कि परिवहन विभाग और ट्रैफिक पुलिस किसी वाहन के पांच से अधिक चालान होने के बाद आरसी निलंबन जैसी कार्रवाई का दावा करते हैं।
ग्रेनो एक्सप्रेसवे पर स्लीपर बस में लगी आग
ग्रेटर नोएडा के सेक्टर-148 मेट्रो स्टेशन के सामने नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे पर मंगलवार शाम करीब 5 बजे स्लीपर बस में आग लग गई। पहले इंजन से धुआं निकला, फिर कुछ ही देर में पूरी बस आग की लपटों से घिर गई। बस में तेज धमाका भी हुआ, जिससे एक्सप्रेसवे से गुजर रहे वाहन सवार घबरा गए। बस में करीब 32 यात्री थे। सभी समय रहते बस से बाहर निकल गए। किसी यात्री के घायल होने या जनहानि की सूचना नहीं है। नॉलेज पार्क कोतवाली पुलिस मामले की जांच कर रही है।
घटना के बाद चालक-परिचालक मौके से भाग गए। बस संख्या बीआर 28 पी 3433 बीएसएस कूल-कूल जमना ट्रैवलर्स की बताई गई। यह बस मंगलवार को दिल्ली के लाल किला से यात्रियों को लेकर समस्तीपुर के लिए रवाना हुई थी। बस में गोरखपुर, बिहार के अलग-अलग जिलों के यात्री सवार थे। प्रत्यक्षदर्शियों और यात्रियों के मुताबिक, बस सेक्टर-148 के पास पहुंची तो चालक की सीट के पास धुआं निकलने लगा।
आग तेजी से फैलने लगी। चालक ने बस को सड़क किनारे रोक दिया और यात्रियों को नीचे उतारा गया। हालांकि, बस में रखा सारा सामान जल गया। स्लीपर बस की छत के अंदर और ऊपर भी यात्रियों का सामान भरा हुआ था। आग बुझाने के दौरान बस में तेज धमाका भी हुआ। घटना का वीडियो भी सामने आया है।
घटना की सूचना पर नॉलेज पार्क कोतवाली पुलिस और दमकल विभाग की टीमें मौके पर पहुंचीं। करीब डेढ़ घंटे की मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया जा सका। हालांकि, तब तक बस पूरी तरह जल चुकी थी। इस बीच नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे पर वाहनों की आवाजाही भी बंद रही। मौके पर एडीसीपी ग्रेटर नोएडा अभय कुमार मिश्र, एसीपी ट्रैफिक शकील मोहम्मद, एसीपी ग्रेटर नोएडा कृष्ण पाल सिंह, कोतवाली प्रभारी विनोद कुमार, ट्रैफिक इंस्पेक्टर अमर सिंह और मुख्य अग्निशमन अधिकारी प्रदीप चौबे समेत पुलिस और दमकल विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।
बस का फिटनेस प्रमाणपत्र, परमिट, बीमा और अन्य जरूरी दस्तावेज पूरे थे या नहीं, पुलिस इसकी जांच कर रही है। बस के कितने चालान हुए हैं और उसका परमिट किस राज्य का है, इसकी भी जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि दस्तावेजों की जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी। पुलिस और दमकल विभाग की प्रारंभिक जांच में आग बस के इंजन के पास से शुरू होने की बात सामने आई है।
आग लगने के कारणों का अभी पता नहीं चल सका है। इसकी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। पुलिस ने यात्रियों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाने की व्यवस्था की है। घटना में कोई यात्री घायल नहीं है। सभी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया था। मामले की जांच की जा रही है। -अभय कुमार मिश्र, एडीसीपी, ग्रेटर नोएडा जोन
बस हादसे की टाइमलाइन
4:45 बजे के आसपास बस से धुआं उठने लगा
05 बजे के आसपास बस में आग लगी
5:12 बजे पुलिस मौके पर पहुंची
5:17 बजे दमकल को सूचना मिली
5:31 बजे दमकल की टीम मौके पर पहुंची
07 बजे आग पर काबू पाया गया