तावडू। जौरासी गांव में पोते की चाहत में दादी ने पोती को शौचालय के गड्ढे में गिराकर मार डाला। बचने के लिए दादी ने बच्ची के गायब होने की अफवाह फैली दी और परिजनों के साथ उसे तलाशने के नाटक में लग गई। सूचना पर पुलिस पहुंची, लेकिन बच्ची की तलाश में नाकाम रही। एक सूचना पर पुलिस ने बच्ची का शव शौचालय के गड्ढे में तैरता हुआ बरामद किया। रविवार सुबह शव को निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया।
खोरी चौकी प्रभारी उप सहायक निरीक्षक राजेश कुमार ने बताया कि 4 सितंबर की रात जौरासी निवासी प्रदीप की एक माह की बच्ची के गायब होने की सूचना मिली थी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर तहकीकात की, लेकिन बच्ची का कोई सुराग नहीं मिला। पूछताछ के दौरान बच्ची की दादी और अन्य परिजनों ने किसी जंगली जानवर के बच्ची को ले जाने की आशंका भी जताई। 6 सितंबर की सुबह पुलिस को बच्ची की हत्या कर घर में शव छिपाने की सूचना मिली। टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। तलाशी के दौरान शौचालय के गड्ढे में बच्ची का शव तैरता मिला।
सदर थाना प्रभारी बलदेव सिंह ने एसएफएल की टीम को सूचना देकर बुलवाया। डॉ. विनोद की मौजूदगी में पुलिस ने शव को गड्ढे से निकालकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो दादी ने अपना अपराध कबूल कर लिया। उसने पुलिस को बताया कि तीन पोतियों के जन्म लेने के कारण वह बच्ची को बोझ समझने लगी थी। उसे पोते की चाहत थी। इसीलिए उसने एक माह की बच्ची के खून से हाथ रंग लिए। पुलिस ने दादी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर कार्रवाई शुरू कर दी है।