शुक्लागंज। लोगों की गैरजिम्मेदाराना हरकत और जागरूकता की कमी का नतीजा शुक्रवार को नवीन गंगापुल के फुटपाथ पर देखने को मिला। कुछ स्थानीय लोगों द्वारा दिवाली के बाद पुरानी गणेश-लक्ष्मी की मूर्तियों को पुल के फुटपाथ रख दिया गया। मूर्तियां बीच मार्ग पर पड़ी हैं। अन्य पुरानी पूजन सामग्री पुल से सड़क तक फैली है। इस पर से वाहनों का आवागमन हो रहा है। कुछ जागरूक और संभ्रांत लोगों ने नाराजगी जताते हुए विरोध किया।
वैसे तो नगर पालिका गंगाघाट की ओर से वार्डों में हर रोज एक आस्था प्रचार वाहन घूमता है ताकि जो भी पूजन सामग्री और पुरानी मूर्तियां कलेंडर आदि हो उन्हें उसी में डाला जा सके। पालिका द्वारा उस सामग्री का भू-विसर्जन कर दिया जाता है। इसके बावजूद लोग जागरूक नहीं हैं और शुक्लागंज व कानपुर छोर आने जाने के दौरान घरों की पुरानी मूर्तियों और पूजन सामग्री को पुल के दोनों छोर के फुटपाथ पर फेंक रहे हैं। राजधानी मार्ग निवासी समाजसेवी वीरेंद्र शुक्ला ने बताया कि लोगों को यह नहीं करना चाहिए पालिका को भी इस ओर ध्यान देना चाहिए।
पोनीरोड निवासी डाॅक्टर एसजी शुक्ला ने बताया कि कहीं न कहीं आस्था को ठेस पहुंचती है। लोगों से मूर्तियों को इधर-उधर न फेंक उनका भू विसर्जन करने की अपील की। नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि संदीप पांडे ने बताया कि नगर में दो आस्था वाहन हैं। लोग इसमें ही पूजन सामग्री डालें, जल्द ही शुक्लागंज छोर पुल मोड़ के पास एक पूजन सामग्री कलेक्शन प्वाइंट का निर्माण कराया जाएगा।