हाई बीपी और मधुमेह के मरीज बरतें विशेष सावधानी
संवाद न्यूज एजेंसी
ग्रेटर नोएडा। बारिश में जरा-सी असावधानी गंभीर बीमारियों का जोखिम भी बढ़ा सकती है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून के दौरान तापमान, आर्द्रता (नमी) और वायुमंडलीय दबाव में होने वाले बदलाव शरीर के रक्त संचार और रक्तचाप को प्रभावित कर सकते हैं। ऐसे में पहले से हाई ब्लड प्रेशर, मधुमेह, हृदय रोग या कोलेस्ट्रॉल की समस्या से जूझ रहे लोगों में ब्रेन स्ट्रोक का खतरा बढ़ सकता है। मानसून सीधे तौर पर स्ट्रोक का कारण नहीं बनता लेकिन यह जोखिम कारकों को बढ़ा सकता है।
न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. आतमप्रीत सिंह ने बताया कि मानसून स्वयं ब्रेन स्ट्रोक का कारण नहीं है लेकिन इस मौसम में तापमान और नमी में बदलाव के कारण ब्लड प्रेशर में उतार-चढ़ाव देखने को मिलता है। हाई ब्लड प्रेशर, मधुमेह, हृदय रोग और धूम्रपान करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। यदि अचानक चेहरे का एक हिस्सा टेढ़ा हो जाए, एक हाथ या पैर में कमजोरी महसूस हो या बोलने में परेशानी हो तो इसे सामान्य कमजोरी समझकर नजरअंदाज न करें।
मानसून में ऐसे करें बचाव
-ब्लड प्रेशर और शुगर की नियमित जांच कराएं।
- डॉक्टर की सलाह के बिना दवाएं बंद न करें।
- पर्याप्त पानी पिएं और संतुलित आहार लें।
- धूम्रपान और शराब से दूरी बनाए रखें।
- रोजाना कम से कम 30 मिनट हल्की शारीरिक गतिविधि करें।
-स्ट्रोक के लक्षण दिखते ही बिना देरी अस्पताल पहुंचें।