- सेक्टर-73 के फ्लैट में मिला था विवाहिता का शव, सिर पर गंभीर चोटों से हुई थी मौत
माई सिटी रिपोर्टर
ग्रेटर नोएडा। अपर सत्र न्यायाधीश सोमप्रभा मिश्रा की अदालत ने पत्नी की निर्मम हत्या के मामले में पति को दोषी करार देते हुए उम्रकैद और पचास हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। अदालत ने बुलंदशहर निवासी अब्दुल खालिद पर 50 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
मामला 2 फरवरी 2022 का है। जब वादिनी आशा देवी ने थाना सेक्टर-113 नोएडा पर तहरीर देकर बताया था कि उनकी बहन आशमीन की शादी वर्ष 2012 में खालिद के साथ हुई थी। दोनों सेक्टर-73 स्थित महादेव अपार्टमेंट में रह रहे थे। खालिद शुरू से ही आशमीन को परेशान करता था और दोनों के बीच अक्सर झगड़ा होता रहता था। 1 फरवरी 2022 की रात करीब 9 बजे जब आशा देवी अपने पति खलक सिंह और बहन शालू के साथ आशमीन के फ्लैट पर पहुंचीं, तो दरवाजे पर बाहर से ताला लगा हुआ मिला। परिवार की सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने ताला तुड़वाकर देखा तो कमरे में आशमीन का शव जमीन पर रजाई में लिपटा पड़ा था। इसी के आधार पर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था।
एडीजीसी अपराध ह्रदेश रावल का कहना है कि अभियोजन पक्ष की ओर से 9 गवाह पेश किए गए। गवाहों ने एक स्वर में बताया कि आशमीन व खालिद के बीच शुरू से ही विवाद रहता था। बचाव पक्ष ने यह तर्क भी दिया था कि मृतका के भाई-बहनों ने संपत्ति (प्लॉट) हड़पने के लालच में झूठा फंसाया है, लेकिन अदालत ने इसे आधारहीन करार दिया। अदालत ने अपराध की गंभीरता को देखते हुए आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई।