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Noida News: मोबाइल के बहाने लौटीं अपनों की यादें...खोया फोन मिलते ही छलक उठीं आंखें

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- महानवमी पर नोएडा पुलिस ने 108 लोगों को लौटाए गुम मोबाइल, बरामद फोन की कीमत करीब 25 लाख रुपये
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माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। किसी के लिए मोबाइल फोन रोजमर्रा की जरूरत है तो किसी के लिए पहली कमाई से खरीदी गई खुशी, पति का प्यार या पिता की अनमोल निशानी। ऐसे ही भावनात्मक रिश्तों से जुड़े मोबाइल वापस मिलने पर सोमवार को कई महिलाओं की आंखों में खुशी झलक उठी। महानवमी के अवसर पर गौतमबुद्धनगर पुलिस ने मिशन शक्ति अभियान 6.0 और मिशन सहयोग के तहत 108 गुम मोबाइल फोन बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को सौंपे। इनकी अनुमानित कीमत करीब 25 लाख रुपये है।
नोएडा पुलिस की तरफ से सोमवार को सेक्टर-14ए स्थित पुलिस कार्यालय में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मोबाइल वापस मिलने वालों में ऐसी महिलाएं भी शामिल थीं, जिन्होंने फोन खोने के बाद उसके दोबारा मिलने की उम्मीद छोड़ दी थी। पुलिस की इस पहल ने नवरात्र के दौरान उनके चेहरे पर मुस्कान लौटा दी। सेक्टर-62 निवासी स्वाति सिंह का मोबाइल करीब एक साल पहले गढ़ी चौखंडी से चोरी हो गया था। स्वाति ने बताया कि उन्होंने अपनी पहली सैलरी से फोन खरीदा था। उन्हें उम्मीद नहीं थी कि मोबाइल दोबारा मिल पाएगा। फोन वापस मिलने पर उन्होंने पुलिस का आभार जताया।
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सलारपुर निवासी बुलबुल कुमारी का मोबाइल दिसंबर 2025 में घर से चोरी हो गया था। यह फोन उनके पति ने उपहार में दिया था। इसलिए उसके खोने का दुख केवल आर्थिक नुकसान तक सीमित नहीं था। वहीं, बिसरख निवासी सपना मिश्रा को उनके पिता ने मोबाइल उपहार में दिया था। फरवरी में सफर के दौरान फोन चोरी हो गया था। मोबाइल वापस मिलने पर दोनों महिलाओं ने राहत महसूस की। हरौला निवासी अंशिका ने बताया कि उन्होंने किस्तों पर मोबाइल खरीदा था। फोन गुम होने के बाद उन्हें किस्त चुकाने के साथ बिना मोबाइल के काम चलाने की चिंता सता रही थी। पुलिस से फोन वापस मिलने पर उनकी परेशानी काफी कम हो गई।
एडिशनल डीसीपी नोएडा अभय कुमार मिश्रा ने बताया कि सर्विलांस सेल नोएडा, थाना सेक्टर-58 और जोन के अन्य थानों की टीमों ने तकनीकी विश्लेषण और केंद्रीय उपकरण पहचान रजिस्टर (सीईआईआर) पोर्टल की मदद से मोबाइल तलाशे गए। अधिकांश फोन भीड़भाड़ वाले बाजारों, रास्तों और सार्वजनिक परिवहन में गुम हुए थे।

- हमारी टीम पिछले एक महीने से लगातार इन मोबाइलों को ट्रेस कर रही थी। इन महिलाओं के चेहरे पर मुस्कान देखकर आज हमारी मेहनत सफल हो गई। - रितु, महिला पुलिसकर्मी
- लोग बड़ी मेहनत से पैसा एकत्र करके मोबाइल खरीदते हैं। इसके खो जाने पर लोग परेशान होते हैं। हमारी मेहनत से उनकी परेशानी कम होती है इसकी खुशी है।
- कविता, महिला पुलिसकर्मी
- सीईआईआर पोर्टल पर प्राप्त शिकायत पर हम मोबाइल ट्रेस करना शुरू कर देते हैं। ट्रेस होने पर उसे रिकवर करने की कोशिश में जुट जाते हैं।

- शिखा गौतम, महिला पुलिसकर्मी
- मोबाइल मिलने पर हमने मोबाइल स्वामिनी को संपर्क किया और उन्हें यहां बुलाकर मोबाइल सौंपा। आज इन महिलाओं के साथ-साथ हमें भी बहुत खुशी मिली। - प्रेमलता, महिला पुलिसकर्मी
- मेरा मोबाइल सेक्टर-62 से तीन महीने पहले गायब हुआ था। आज मोबाइल मिलने पर इतनी खुशी हुई कि जैसे अपने बिछड़े परिवार से मिल रही हूं।
- मधु शर्मा
- मेरी मोबाइल सेक्टर-71 से एक साल पहले गायब हुआ था। मोबाइल खोने के बाद से मैं कीपैड मोबाइल चला रही थी। आज मेरा मोबाइल मुझे वापस मिल गया। - निशा यादव
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नवरात्रि के नौवें दिन मिशन शक्ति की महिला टीम द्वारा 108 महिला स्वामिनी को उनके खोए हुए मोबाइल को ढ़ूढकर वापस किया गया। इसे हमारी नोएडा पुलिस की तरफ से मातृत्व वंदन के रूप में देखा जाना चाहिए। - अभय कुमार मिश्र, एडीसीपी नोएडा
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