नोएडा सेक्टर-39 स्थित जिला अस्पताल की लिफ्ट में चार वर्ष की बच्ची समेत छह लोग आधे घंटे तक फंसे रहे। रविवार शाम को हादसे के वक्त लिफ्ट सवार तीमारदार अस्पताल में भर्ती मरीज से मिलने जा रहे थे। पांचवें मंजिल पर जाते वक्त लिफ्ट अचानक रुक गई। लिफ्ट रुकने के बाद उसमें सवार लोगों ने मदद के लिए शोर मचाना शुरू कर दिया। करीब आधे घंटे तक लिफ्ट में फंसे रहने के बाद उन्हें निकाला जा सका।
पीड़ितों ने बताया कि दूसरी मंजिल पर जाते ही लिफ्ट बंद हो गई। अंदर फंसे लोगों ने इमरजेंसी बटन दबाकर मदद की गुहार लगाई। आरोप है कि बटन काम नहीं कर रहा था। काफी शोर मचाने के बाद भी कोई मदद के लिए नहीं आया। इसके बाद अंदर फंसे व्यक्ति ने अपने परिचित को फोन कर मदद के लिए बुलाया। परिचित के पहुंचते ही अस्पताल के मेंटेनेंस विभाग को पूरे मामले की जानकारी मिली। करीब आधे घंटे तक लिफ्ट में फंसे होने के बाद विभाग ने उन्हें बाहर निकाला। अहम है जिला अस्पताल में रोजाना दो से ढाई हजार मरीज अपना इलाज कराने के लिए पहुंचते हैं।
दो दिन पहले ही लिफ्ट गिरने से आठ लोगों की मौत हुई है। ऐसे में शहर वासी दहशत में हैं। जिले में लिफ्ट हादसे रुकने का नाम नहीं ले रहे हैं। आए दिन कोई न कोई घटना सामने आ ही जाती है। जिला प्रशासन के सभी दावे इन हादसों के सामने फीके नजर आते हैं। हाइराइज इमारतों वाले शहर में लाखों लोगों को हर वक्त लिफ्ट के सहारे रहना पड़ता है। ऐसे में लगातार हो रहे हादसों से लोग डरे हुए हैं।